नगर पालिका अध्यक्ष ने बताया कि यह प्रणाली शासन की मंशा के अनुरूप लागू की जा रही है। इसको लागू करने में नगर पालिका मऊ का कोई रोल जिन है।
मऊ जिले में नगर पालिका क्षेत्र में 1 अप्रैल से स्वकर प्रणाली लागू की जायेगी। इस बार की जानकारी पालिका अध्यक्ष अरशद जमाल ने एक प्रेस वार्ता में दी।
इस संबंध में जानकारी देते हुए नगर पालिका अध्यक्ष ने बताया कि यह प्रणाली शासन की मंशा के अनुरूप लागू की जा रही है। इसको लागू करने में नगर पालिका मऊ का कोई रोल जिन है। पत्रकारों को जानकारी देते हुए अरशद जमाल ने बताया कि नियमावली में चार स्लैब बनाए गए हैं। ये स्लैब मार्गों की चौड़ाई के आधार पर भवनों पर कर निर्धारण की व्यवस्था देते हैं। 24 मीटर से ऊपर चौड़े मार्ग पर, 24 से कम और 12 मीटर से अधिक चौड़े मार्ग पर, 12 मीटर से 9 मीटर के मार्ग पर और 9 मीटर से जीरो मीटर के मार्ग पर स्थित भवनों का अलग-अलग रेट निर्धारित होगा। तीन स्लैब पर कोई आपत्ति नहीं है। चौथा स्लैब नौ मीटर से जीरो मीटर तक का है, इसका मतलब ये हुआ कि जो भवन या भूमि 30 फीट के मार्ग पर स्थित है उस पर जो कर निर्धारित होगा वही कर तीन फीट चौड़े मार्ग पर स्थित भवन पर भी निर्धारित किया जाना है, जो तर्कसंगत नहीं है।
सरकार को नौ मीटर से जीरो मीटर के स्लैब को खत्म कर दो और स्लैब, अर्थात 9 मीटर से 3 मीटर तक और 3 मीटर से जीरो मीटर तक बनाया जाना चाहिए। अगर सरकार ने हमारी ये मांग मान ली तो 10 फीट चौड़े या उससे कम चौड़े मार्गों पर स्थित भवनों का रेट 25 से 30 प्रतिशत और कम हो जाएगा। बताया कि नगर विकास मंत्री को इस मामले में अवगत कराया गया है।