जिला अस्पताल के चिकित्सक की शिकायत एसएसपी से की
मेरठ। सुप्रीम कोर्ट और सरकार के सख्त आदेश हैं कि अस्पतालों में महिलाओं का चेकअप महिला चिकित्सक ही करेंगी, लेकिन मेरठ में सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना जिला चिकित्सालय में खुलेआम हो रही है। यहां पर चिकित्सीय जांच के लिए आने वाली महिलाओं को पुरुष चिकित्सकों के सामने प्रतिदिन शर्मसार होना पड़ता है। चिकित्सीय जांच की मजबूरी के चलते पीड़िताओं का ऐसा काम करने के लिए मजबूर होना पड़ता है। लिसाड़ी गेट क्षेत्र में देर रात एक युवक ने घर की छत पर सोई पड़ोसी किशोरी के साथ दुष्कर्म का प्रयास किया। पीड़िता के शोर मचाने पर आरोपी फरार हो गया। वहीं सुबह मामले की शिकायत करने पर आरोपी के परिवार ने महिला की जमकर पिटाई की।
पुरुष चिकित्सक ने उतरवाए पीड़िता के कपड़े
पूरे प्रकरण का शर्मनाक पहलू यह है कि अस्पताल में डाॅक्टरी कराने पहुंची पीड़िता की मां को पुरुष डाॅक्टरों ने अपने सामने कपड़े उतारने पर मजबूर कर दिया। महिला ने घटना की शिकायत आला अधिकारियों से की है। महिला के अनुसार रात को वह अपनी 14 वर्षीय पुत्री के साथ घर की छत पर सोई थी। आरोप है कि इसी दौरान पड़ोसी शहजाद ने बदनीयती से उसकी पुत्री को दबोच लिया। किशोरी के शोर मचाने पर आरोपी मौके से फरार हो गया।
शिकायत करने पर की लाठी-डंडों से पिटाई
महिला का आरोप है कि सुबह को वह घटना की शिकायत करने आरोपी के घर पहुंची तो शहजाद व उसके भाई नौशाद और पिता मन्सूर ने लाठी-डंडो से उसकी जमकर पिटाई की।
मेडिकल के नाम पर पुलिस ने एेंठे छह सौ रूपये
मामले की शिकायत करने पर पिलोखड़ी चौकी पुलिस ने भी मेडिकल के नाम पर उससे छह सौ रुपये एेंठ लिए। इसके बाद पुलिस उसे मेडिकल के लिए जिला अस्पताल ले गई। आरोप है कि वहां पुरुष डाॅक्टरों ने मेडिकल के नाम पर उसके कपड़े उतरवाकर जांच की। पीड़िता ने एसएसपी राजेश कुमार पांडे से मामले की शिकायत करते हुए आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।
सीएमआे ने कहा
महिला पीड़िता की जांच पुरुष चिकित्सक से कराए जाने की बात पर सीएमओ मेरठ डा. राजकुमार का कहना है कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है। किसी ने उनसे शिकायत भी नहीं की है। अगर शिकायत आती है तो वह कार्रवाई करेंगे।