Highlights हुमायूं नगर में दिल्ली पुलिस ने पकड़ी असलहा फैक्ट्री 67 पिस्टलें बरामद, मेरठ पुलिस को भनक नहीं लगी तीन पीढ़ियों से एक परिवार बना रहा था पिस्टलें
मेरठ। गणतंत्र दिवस और दिल्ली में फरवरी में होने वाले विधान सभा चुनाव से पहले पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। दिल्ली की स्पेशल ब्रांच की टीम ने मेरठ के हुमायूं नगर से असलहा फैक्ट्री पकड़ी है। यहां के बने अवैध हथियार पंजाब, हरियाणा, दिल्ली के अलावा वेस्ट के अन्य जिलों में सप्लाई होते थे। हुमायूं नगर के रहने वाले नूरहसन की तीन पीढ़ी इस काम में पिछले 30 साल से लगी हुई थी। पकड़ी गई 67 पिस्टल में से करीब 57 पिस्टल मेरठ के नूरहसन के हाथ की बनीं हुई थी। टीम ने नूरहसन को भी गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस की पूछताछ में नूरहसन ने चैंकाने वाले खुलासे किए हैं। नूरहसन ने बताया कि उसके दादा, पिता और परिवार के अन्य सदस्यों के अलावा महिलाएं भी इस काम में माहिर हैं। परिवार के लोग करीब 30 साल से इस धंधे में जुटे हुए थे। दिल्ली पुलिस ने इतना बड़ा खुलासा कर दिया, लेकिन मेरठ पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी।
दिल्ली में चुनाव और 26 जनवरी के ठीक पहले 67 पिस्टल के साथ मेरठ का नूर हसन और संजीव गिरफ्तार करना अपने आप में पुलिस की बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। इन दोनों को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पकड़ा है। इसके बाद दोनों को पूछताछ के लिए पुलिस लाइन लाया गया। जहां पर इन दोनों से मेरठ पुलिस ने भी काफी देर तक पूछताछ की। एसएसपी अजय साहनी ने बताया कि पकड़े गए इन लोगों से महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल हुई हैं। ये कहां-कहां और किसे हथियार सप्लाई करते थे। ये भी पता चला है।