
Karwa Chauth 2021: करवा चौथ के दिन सुहागिन अपनी राशि के अनुसार साड़ी और फूल के रंग चयन करके पूजन करें तो विशेष कृपा मिलती है। पंडित भारत ज्ञान भूषण ने बताया कि पहली बार व्रत रखने वाली महिलाएं बड़ों सानिध्य में पूजन करें। उन्होंने बताया कि करवाचौथ के व्रत में शिव पार्वती, कार्तिकेय, गणेश और चंद्रमा का पूजन करना चाहिए।
प्राचीन मान्यताओं के अनुसार करवा चौथ के दिन शाम के समय चंद्रमा को अर्घ्य देकर ही व्रत खोला जाता है। पूजा के बाद मिट्टी के करवे में चावल, उड़द की दाल, सुहाग की सामग्री रखकर सास या सास की उम्र के समान किसी सुहागिन के पैर छूकर सुहाग की सामग्री भेंट करना उत्तम होता है।
उन्होंने बताया कि महिलाएं राशि अनुसार साड़ी पहनें, चढ़ाएं फूल
मेष- गहरे लाल रंग की साड़ी, लाल गुलाब से करें पूजन।
वृष- पीली साड़ी संग पीले और सफ़ेद फूल से करें पूजन ।
मिथुन- प्लेन साड़ी, कुमकुम चढ़ाएं।
कर्क - गुलाबी रंग की साड़ी से पूजन करें, चावल चढ़ाएं।
सिंह- लाल साड़ी और गुलाब के साथ पूजन करें।
कन्या - सफ़ेद कढ़ाई वाली गुलाबी अथवा पीली साड़ी और सफ़ेद गुलाब अर्पित करें।
तुला - हरी धारियों वाली साड़ी धारण करें और पत्ती युक्त फूल से पूजा-अर्चना करें।
वृश्चिक - हरी साड़ी, हरा पुष्प अर्पित करें।
धनु - हल्की पीली साड़ी धारण कर पीला गेंदा चढ़ाएं।
मकर - कत्थई रंग का वस्त्र, उसी रंग के गेंदे के फूल से करें पूजन।
कुंभ - मेहरून रंग की साड़ी और नीले रंग का कमल चढ़ाएं।
मीन - पीली साड़ी धारण करें व पीला या गुलाबी फूल से पूजन करें।