मेरठ

लॉकडाउन के बाद होने वाली विश्वविद्यालय की परीक्षाओं में प्रश्नपत्र और समय समेत किए जाएंगे ये बदलाव

Highlights चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ की छूटी हुई हैं परीक्षाएं प्रश्नपत्र छोटे और चार पालियों में परीक्षाएं कराने की कवायद 22 फरवरी से शुरू हुई परीक्षाओं के 93 प्रश्नपत्र अभी बाकी  

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May 12, 2020

मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ की परीक्षाएं लॉकडाउन के बाद शुरू कराने की कवायद शुरू की जा रही है। कोरोना संक्रमण के कारण लॉकडाउन से विश्वविद्यालय की मुख्य परीक्षाएं अभी आधी ही हो पायी हैं। लंबे खिंचे लॉकडाउन के बाद विश्वविद्यालय जल्द से जल्द परीक्षाएं आयोजित करवाना चाहता है, ताकि अगला शैक्षिक सत्र लेट न हो। इसके लिए शेष परीक्षाओं में कुछ बदलाव करने भी जा रहा है।

चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की मुख्य परीक्षाएं करीब 50 फीसदी हो चुकी हैं। अभी 93 प्रश्नपत्र की परीक्षा बाकी है। अभी तक स्नातक अंतिम वर्ष की परीक्षा बहुविकल्पीय आधारित होती है। इसमें दो घंटे में प्रश्नपत्र हल करने होते हैं। अन्य परीक्षाएं तीन घंटे की होती हैं। कोरोना संक्रमण के फैलाव को देखते हुए किए गए लॉकडाउन को देखते हुए विश्वविद्यालय की परीक्षाओं में कई बदलाव किए जा रहे हैं। इसके लिए पहले छप चुके प्रश्नपत्रों में ही कुछ सेक्शन के प्रश्न कम किए जाएंगे। मतलब, छात्रों को कम प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। प्रश्न दो घंटे किए जाने की भी कवायद चल रही है। साथ ही एक दिन में चार पालियों में परीक्षाएं कराने की भी योजना है।

विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि दो घंटे का पेपर होने से छात्र-छात्राएं आसानी से कर सकेंगे। इन सभी को ध्यान में रखकर परीक्षा कार्यक्रम तैयार किया जा रहा है। विवि की प्रति कुलपति प्रो. वाई विमला का कहना है कि स्नातक अंतिम वर्ष की परीक्षा का कार्यक्रम पहले तय करने की भी योजना है, ताकि स्नातक अंतिम वर्ष की परीक्षाएं जल्द खत्म हो सके और उनका मूल्यांकन कराकर उनका रिजल्ट जल्द घोषित किया जा सके।

Published on:
12 May 2020 12:36 pm
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