
मेरठ। रविवार को जनता कर्फ्यू के दौरान मेरठ शहर में सुबह से है सड़कें सुनसान हैं। गली-मोहल्लों में सन्नाटा पसरा हुआ है। रोजमर्रा की दुकानें जो सुबह 6 बजे खुल जाती थी, उनमें भी ताला लटका है। जिन गलियों मेे सुबह होते ही बच्चों की खेलने कूदने की आवाजें सुनाई देती थीं। वहां भी पूरी तरह सन्नाटा है।
कोरोना वायरस को लेकर भारत समेत पूरी दुनिया में खौफ है। चीन से फैली इस लाइलाज महामारी कोविड-19 के मरीजों की संख्या भारत में लगातार बढ़ रही है। इसके वायरस के प्रसार को रोकने के उद्देश्य से पूरे भारत में जनता कर्फ्यू लगाया गया है। यह रविवार को सुबह सात से रात नौ बजे तक जारी रहेगा। कोरोना से बचाव के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 'जनता कर्फ्यू' की अपील करने के बाद देश में रविवार को एक अभूतपूर्व बंद दिखाई डे रहा है। जनता कर्फ्यू के तहत देश में सुबह 7 बजे से लेकर रात नौ बजे तक लोग घरों में ही रहेंगे और इसका पालन करेंगे ताकि खतरनाक कोरोना वायरस के प्रसार को रोका जा सके।
जनता कर्फ्यू के तहत लोगों से यह अपील की गई है कि वे स्वेच्छा से कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए घरों में ही रहें जबकि इस दिन सार्वजनिक परिवहन सेवा निलंबित कर दी जाएगी या इसमें कमी कर दी जाएगी और आवश्यक वस्तुओं से जुड़ी दुकानों के अलावा अन्य सभी बाजार और दुकानें बंद रहेंगी। पीएम मोदी की अपील के बाद देश के सभी प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों और अन्य नेताओं ने पार्टी लाइनों से ऊपर उठते हुए लोगों से सुबह 7 से रात नौ बजे तक जनता कर्फ्यू का पालन करने का आग्रह किया। बता दें कि संक्रमण की श्रंखला को तोड़ने के लिए सामाजिक मेलजोल से दूरी बनाना जरूरी है, क्योंकि कोरोना के मामले बढ़ गए हैं। भारत में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 315 हो गई है।