मेरठ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'विजय संकल्प रैली' कहा- महामिलावटी वाला गठबंधन सपा, बसपा व रालोद का मोदी ने कहा- विपक्ष एयर स्ट्राइक के सबूत मांग रहा है
मेरठ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विजय संकल्प रैली के जरिए वेस्ट यूपी में मेरठ से चुनावी शंखनाद कर दिया है। रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने विकास की बातें की तो विपक्षी दलों को भी आड़े हाथों लिया। मोदी ने सपा, बसपा व रालोद गठबंधन को महामिलावट वाला गठबंधन कहा। उन्होंने कहा कि बसपा ने अपने शासनकाल में प्रदेश की सभी चीनी मिलों को बेच दिया था जबकि सपा ने लोगों को धर्म व जाति के आधार पर बांटा। उन्होंने सपा, रालोद व बसपा के शुरूआती अक्षरों को मिला कर 'सराब' बनाया। उन्होंने कहा कि 'सराब' से सेहत खराब होती है, इसलिए शराब से बचना है। अपने शासनकाल में कभी मायावती, अखिलेश और अजित सिंह ने किसानों व गरीब लोगों अथवा प्रदेश हित में उनसे कभी बात नहीं की। क्योंकि इनका उद्देश्य समाज व देशहित नहीं परिवार हित है। आज चरण सिंह यदि जीवित होते तो यह सब देखकर बहुत दुखी होते। कांग्रेस ने चाहे चौधरी चरण सिंह हों या छोटू राम सभी को धोखा दिया और कभी उबरने नहीं दिया। मोदी ने कहा कि जनता द्वारा दिया गया एक-एक वोट प्रत्याशियों को नहीं बल्कि उनके पास जायेगा। लिहाजा सभी प्रत्याशियों के पक्ष में मतदान करें।
सपूत काे ललकारते हैं
रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश की जनता को हिंदुस्तान का हीरो चाहिए या पाकिस्तान का? विपक्ष एयर स्ट्राइक के सबूत मांग रहा है, जबकि देश को सपूत चाहिए न कि सबूत। जो लोग सबूत तलाशते हैं वह देश के इस सपूत को ललकारते हैं। मोदी ने यह भी कहा कि यदि 26 फरवरी को सैनिकों से जरा सी भी चूक हो जाती तो ये लोग मुझ से इस्तीफा मांग लेते, मेरे पुतले जला देते। मुझे गालियां देते। जबकि वह देश के लिए अपना सबकुछ न्योछावार करने के लिये तैयार हैं। वह किसी के दबाव में आने वाले नहीं हैं। वह किसी तरह का बोझ लेकर नहीं चलते, चिंता तो वह करें जो परिवारवाद का बोझ लिये चल रहे हैं। उनका यह भी कहना था कि आखिर उनके पास है ही क्या, जो हैं भी वह जनता का दिया हुआ है। चिंता वह करें जिसे खोने का डर हो।