मेरठ

यूपी के इस जिले में बारिश का कहर शहर से देहात तक, छह की हुर्इ मौत, तीस से अधिक मकान गिरे

जनपद के शहरी आैर देहात क्षेत्र में अधिकतर स्थानाें पर जलभराव
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Updated: 28 Jul 2018, 9:51 PM IST
meerut
यूपी के इस जिले में बारिश का कहर शहर से देहात तक, छह की हुर्इ मौत, तीस से अधिक मकान गिरे

मेरठ। मेरठ जिले में बारिश के कहर ने कई लोगों की जान ले ली तो कई के घरों के चूल्हे बुझा दिए। शनिवार को भी बारिश का सिलसिला जारी था। बारिश से मेरठ खादर हस्तिनापुर के गांवों में बाढ़ से हालात बेकाबू हो गए हैं। हरिद्वार से गंगा का पानी छोड़ने से स्थिति और विकराल हो गई है।

मकान गिरने का आंकड़ा पहुंचा तीस पार

बारिश से ग्रामीण क्षेत्राें और पुराने शहर में मकान गिरने की कई घटनाएं हो चुकी है। प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार बारिश से अब तक जिले में तीन दिन में मकान गिरने और छत गिरने की 30 से अधिक घटनाएं हो चुकी हैं। तेज बारिश के कारण माछरा ब्लाक के प्राथमिक स्कूल नंगला साहू की चारदीवारी शुक्रवार को भरभराकर गिर गई। जिस समय स्कूल की दीवार गिरी उस समय स्कूल की छुट्टी थी। वरना बड़ा हादसा हो सकता था। शुक्रवार को ही तेज बारिश के कारण एक पुलिस चौकी भी धराशाही हो गई।

आधा दर्जन लोग बारिश के कहर से मरे

बारिश के कहर से आधा दर्जन लोगों की मौत हो चुकी है। जिनमें बीती गुरूवार को भावनपुर में दो लोगों की मौत भी शामिल है। सरधना के पिठलोकर गांव में छत गिरने से एक महिला की मौत हो गई। बारिश के चलते छत गिरने से मलबे में दबकर महिला की मौत हुई है। महिला की मौत के बाद उसके परिवार में मातम का माहौल है। हादसे में महिला की छह पुत्रियां व एक पुत्र बाल-बाल बचे हैं।

कब्रिस्तान में भरा पानी, शव दफनाने में परेशानी

भारी बारिश के चलते कब्रिस्तान भी पानी की चपेट में है शव दफनाने के लिए भी ग्रामीणों को भारी मशक्कत का सामना करना पड़ रहा। पिछले दो दिनों से चल रही बारिश ने घरों की छतों को कमजोर कर दिया है। मिट्टी से बनी छतों में पानी का इतना वजन हो गया कि उसकी कड़ियां अब दम तोड़ने के कगार पर है। शुक्रवार की शाम लगभग साढ़े सात बजे गांव पिठलोकर निवासी वकील पुत्र अलीहसन अपनी पत्नी नन्ही व बच्चों के साथ अपने घर में था। उसी समय कड़ी गिरने से उसकी पत्नी नन्ही मलबे में दब गयी। चीख-पुकार सुनकर दौड़े ग्रामीणों ने किसी तरह नन्ही को मलबे से बाहर निकाला और स्थानीय चिकित्सक को बुलाया। जिसने उसे मृतक घोषित कर दिया। नन्ही की मौत के बाद उसके परिजनों में कोहराम मचा है। नन्ही अपने पीछे छह पुत्रियां व एक पुत्र छोड़ गयी है। हादसे के दौरान उसका परिवार बाल बाल बचा है।

खेड़ा गांव में मकान गिरने से दो की मौत

सरधना के खेड़ा गांव में सरधना के खेड़ा गांव में लगातार हो रही बारिश के कारण दो मंजिला मकान भरभराकर गिर गया। जिसमें परिवार के 11 सदस्य दब गए। मलबे में दबे लोगों को ग्रामीणों ने निकाला और घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। जहां चिकित्सकों ने दो को मृत घोषित कर दिया है। बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान सरधना तहसील में हुआ है। ईदगाह रोड़ नई बस्ती में शकील मालिक का मकान गिरने से शकील घायल हो गया। नवाबगढ़ी में दिलशाद का मकान गिर गया। जिससे उसका सारा सामान मलबे में दब गया। कपसाढ में ब्रहमपाल शर्मा, व विनोद शर्मा का मकान गिरा। पिठलोकर गांव में सफाक पुत्र सद्दीक का मकान गिरा कई घायल भारी नुकसान हुआ।

अंडरपास में नहाने गया युवक पानी में डूबा

चांदसरा हाॅल्ट के पास बने रेलवे अंडरपास में भरे पानी में नहाने गए बालक की पानी में डूबकर मौत हो गई। बड़ी मुश्किल से बालक के शव को पुलिस के गोताखोरों ने बाहर निकाला। इस दौरान ग्रामीणों ने रेलवे ट्रैक बाधित कर जाम लगा दिया।

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