मेरठ के किला परीक्षितगढ़ का मामला, ग्रामीणों ने घेरा एसएसपी कार्यालय
मेरठ। किला परिक्षितगढ़ में कुख्यात चीकू बढ़ला के इशारे पर गोकशी के फर्जी मामले में युवक को जेल भेजने पर सैकड़ो ग्रामीणों ने एसएसपी कार्यालय का घेराव कर जमकर हंगामा किया। किला परिक्षितगढ़ में पेट्रोल पंप के निकट रहने वाले परवेज खान के साथ सैकड़ों ग्रामीण सोमवार को एसएसपी कार्यालय पहुंचे। परवेज ने बताया कि उनका लोहे और भट्टे का कारोबार है। उन्होंने आरोप लगाया कि बढ़ला निवासी कुख्यात चीकू बढ़ला उनसे दस लाख की रंगदारी मांग रहा था। रंगदारी न देने पर बीती 12 जून को चीकू के इशारे पर चितवाना चौकी पर तैनात गजेन्द्र नाम के दरोगा ने उनके भाई जावेद को गोकशी के झूठे मामले में जेल भेज दिया।
परिजनों ने मुकदमा निरस्त करने की मांग की
परवेज ने बताया इस मामले की शिकायत करने पर एसपी देहात की जांच में उनके भाई को निर्दोष पाया गया था। परवेज के मुताबिक पूरे प्रकरण में दरोगा गजेन्द्र की भूमिका संदिग्ध पाई गई, जिसके चलते आलाधिकारियों ने दरोगा गजेन्द्र को निलंबित कर दिया है। सोमवार को परवेज के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचे सैकड़ों ग्रामीणों ने जावेद के खिलाफ दर्ज फर्जी मुकदमे को निरस्त किए जाने की मांग की। किला परीक्षितगढ़ पुलिस के खिलाफ हंगामा करते हुए ग्रामीण एसएसपी कार्यालय में धरने पर बैठ गए। हालांकि एसएसपी के न मिलने पर ग्रामीण वापस लौट गए।
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