Terrorist threat on Kanwar Yatra मेरठ जोन में कांवड़ यात्रा पर आतंकी खतरे के मददेनजर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। खासकर रेलवे स्टेशन,बस स्टैंड और कांवड़ सेवा शिविरों में विशेष पुलिस बल तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा डॉग स्क्वायड और बम डिस्पोजल दस्ता भी कांवड़ यात्रा मार्ग पर समय—समय पर चेकिंग करेगा। हेलीकाप्टर से भी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा के लिए निगाह रखी जाएगी।

Terrorist threat on Kanwar Yatra सावन महीने की शुरूआत होते ही मेरठ सहित पश्चिमी उप्र के अलावा देश के अन्य हिस्सों कांवड़ यात्रा शुरू हो चुकी हैं। इस बीच, कांवड़ यात्रा को कट्टरपंथियों या आतंकियों द्वारा निशाना बनाए जाने के संकेत मिले हैंं। इसे देखते हुए गृह मंत्रालय की ओर से सतर्क रहने और कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश जारी किए हैं। जोन में एडीजी जोन मेरठ राजीव सभरवाल ने सभी जिलों केा कांवड़ यात्रा के दौरान विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। वहीं अधिकारी रात में भी कांवड़ मार्गों पर सुरक्षा का जायजा ले रहे हैं।
सावन लगते ही गुरुवार से पवित्र नदियों से शिव मंदिरों में जल अर्पित करने के लिए कांवड़ यात्रियों के जत्थे अपने गंतव्य की ओर रवाना होने शुरू हो गए हैं। पश्चिमी उप्र के अलावा हरियाणा,दिल्ली,राजस्थान के अलावा देश के अनेक राज्यों में बड़े पैमाने पर कांवड़ यात्राएं निकाली जाती हैं। गृह मंत्रालय ने इस बार कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने को लेकर कांवड़ यात्रा वाले राज्यों में एडवाइजरी जारी की है। जिसके अनुसार गृह मंत्रालय ने कहा कि वे कांवड़ियों की सुरक्षा बढ़ाने के तत्काल पुख्ता इंतजाम करें। सूत्रों के मुताबिक गुप्तचरों की रिपोर्ट के आधार पर गृह मंत्रालय ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड को अलर्ट किया है। इन राज्यों को कांवड़ यात्रा के लिए सुरक्षा व्यवस्था में विशेष सतर्कता बढ़ाने की सलाह दी गई है। गृह मंत्रालय ने रेलवे को भी कांवड़ यात्रियों पर हमले के खतरे को देखते हुए ट्रेनों की सुरक्षा कड़ी करने के निर्देश दिए। एडवाइजरी के अनुसार कांवड़ यात्रा के दौरान किसी तरह के खतरे से निपटने के लिए बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को तैनात किया जाने के निर्देश दिए गए हैं।
मेरठ शहर में नहीं घुसने दी जाएगी बड़ी कांवड़
आईबी सूत्रों की माने तो मेरठ महानगर के भीतर बड़ी कांवड़ नहीं आने दी जाएगी। वहीं डाक कांवड़ भी मेरठ शहर के अंदर से नहीं जाने दी जाएगी। इसके लिए विभाग ने अपनी रिपोर्ट मेरठ पुलिस प्रशासन को सौंप दी है। जिसके बाद अब जिम्मेदारी मेरठ पुलिस प्रशासन की है कि वो डाक कांवड़ और बड़ी कांवड़ को मेरठ के भीतर नहीं घुसने दे। इसके लिए मोदीपुरम और शहर के भीतर आने वाले सभी मार्गों पर पुख्ता प्रबंध किए गए हैं।