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Meerut Weather Forecast : मेरठ सहित इन जिलों में दो दिन बारिश के आसार, गर्मी से मिलेगी निजात

Weather Forecast Today 24 घंटे के भीतर मेरठ और एनसीआर के लोगों को जल्द ही गर्मी से निजात मिलने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक और 9 सितंबर से 10 सितंबर के बीच मेरठ और आसपास के इलाकों में बारिश के आसार बन रहे हैं। जिसके चलते लोगों को उमस से निजात तो मिलेगी ही साथ ही बढ़ते तापमान पर भी ब्रेक लगेगा।

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Sep 08, 2022
Meerut Weather Forecast : 24 घंटे में गर्मी से निजात की संभावना, इन जिलों में झमाझम बारिश के आसार

Weather Forecast Today मेरठ और पूरा पश्‍चिमी उत्‍तर प्रदेश भीषण गर्मी से झुलस रहा है। सितंबर माह में भी तापमान काफी अधिक होने के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रोज पड़ रही गर्मी और उमस से लोग बेहाल हैं। इस बीच मौसम विभाग की ये सूचना कुछ राहत प्रदान करने वाली है कि मेरठ में 9 और 10 सितंबर को बारिश हो सकती है। इस समय तापमान भी काफी अधिक बढ़ हुआ है। मेरठ में गत बुधवार को अधिकतम तापमान 37ः5 और न्यूनतम तापमान 24ः6 डिग्री रहा। वहींआर्द्रता का अधिकतम स्तर 66 फीसद है। जबकि न्यूनतम स्तर 46 फीसद दर्ज किया गया। आज भी तापमान कुछ ऐसा ही रने की उम्मीद जताई जा रही है।


इस बार अगस्त में मानसूनी बारिश में खासी गिरावट चौंकाने वाली है। इससे पहले के साल में अगस्त माह में ही 50 मिलीमीटर से कम बारिश रिकार्ड की गई थी। वहीं वर्ष 2014 में 41ः2 और 2005 में 43 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई । मौसम विभाग के मुताबिक सितंबर के पहले सप्ताह में बारिश के आसार नहीं के बराबर हैं। वहीं आगामी नौ और 10 सितंबर को बारिश की संभावना है। बता दें कि अगस्त में मानसून पूरी तरह से पश्चिमी उप्र से दूर ही रहा। वर्ष में अभी तक सबसे अधिक बारिश वाला महीना जुलाई रहा। जबकि अगस्त को ही दूसरा सबसे अधिक बारिश वाला माहीना बताया जा रहा है। यह महीना मौसम में बदलाव लाने का कारक बना है। कृषि के लिए बारिश महत्वपूर्ण होती है।


लेकिन इस बार केवल 37ः6 मिली मीटर बारिश होने से किसानों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बताया जाता है कि पिछले 32 साल के अंतराल में इस बार अगस्त के महीने में सबसे कम बारिश हुई है। मेरठ में मानसूनी सीजन में अभी तक बारिश 82 फीसद कम हुई है। जो कि सामान्य की तुलना में अगस्त में रिकार्ड की है। मेरठ के मोदीपुरम कृषि अनुसंधान संस्थान के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानी डा0 एन सुभाश ने बताया कि मानसून का व्यवहार अप्रत्याशित रहा है। जुलाई में बारिश सामान्य रहीं। जबकि सितंबर के पहले सप्ताह में पश्चिम उप्र में जिस प्रकार की बारिश होने भी नहीं हुई है। जिसके चलते तापमान में वृद्धि और उमस बरकरार है।

Published on:
08 Sept 2022 08:56 am
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