दरोगा आैर सिपाही पर पहले चाकू आैर फिर तमंचे से हमले का था आरोप
मेरठ। योगी की पुलिस इन दिनों एनकाउंटर पर एनकाउंटर कर रही है, लेकिन उसके एक आैर एनकाउंटर पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। 30 दिसंबर को पुलिसकर्मियों पर चाकू से हमला करने वाले जिस बदमाश को पुलिस एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार करने का दावा कर रही है, वह गिरफ्तार किए जाने से पहले कार बैठकर सिगरेट पीता दिखार्इ पड़ा था। इस तथाकथित मुठभेड़ से जुड़ा एक फोटो वायरल हुआ है, जिसमें मुठभेड़ में पकड़ा बदमाश एक कार में बैठकर सिगरेट का धुआं उड़ा रहा है। इससे पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए जा रहे हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि बदमाश से उसका आमना-सामना नौचंदी मैदान में ही हुआ था, लेकिन फोटो में बदमाश की आवाभगत साफ दिख रही है। इस फोटो ने पुलिस विभाग में हड़कंप मचा दिया है।
यह है पूरा मामला
एल-ब्लॉक चौकी इंचार्ज सुनील कुमार तीन दिन पहले रात के समय निजी कार से सिपाही उपेंद्र सिरोही के साथ एक जुआरी को छोड़ने के लिए थाने आए थे। वापस चौकी जाते वक्त रास्ते में जैदी सोसायटी के बाहर एक युवक हाथ में चाकू लिए खड़ा दिखा। दारोगा व सिपाही ने युवक को दबोचकर उससे चाकू छीन लिया था, लेकिन उसने अंटी से दूसरा चाकू निकालकर उन पर हमला बोल दिया। चाकू के कई वार से दारोगा-सिपाही को घायल करके आरोपित फरार हो गया था। जैदी सोसायटी निवासी आतिफ के रूप में हुई थी। सोमवार दोपहर करीब सवा 12 बजे आतिफ बाले मियां की मजार के पीछे घूमता दिखाई दिया था। उसने पुलिस को देखते ही गोली चला दी थी।
फोटो आने से मची अफरातफरी
कार में सिगरेट पीने वाले बदमाश का फोटो वायरल होने के बाद विभाग में अफरातफरी मच गर्इ। नौचंदी थाना पुलिस का दावा है कि घटना के बाद रातभर बदमाश आतिफ की तलाश की गर्इ आैर घटना के 12 घंटे के अंदर ही आतिफ से नौचंदी मैदान में मुठभेड़ हो गर्इ। इसमें आतिफ ने पुलिस पर तमंचे से गोली चलार्इ, जवाबी कार्रवार्इ में बदमाश आतिफ के पैर में गोली लगी आैर उसे दबोच लिया गया। पुलिस अफसरों ने इसकी जांच कराने की बात कही है।