अपने अंतिम पड़ाव में Ram Mandir Bhoomipujan समारोह की तैयारियां सुरक्षा व्यवस्था से लेकर मेहमानों के आगमत तक जोर-शोर से चल रही समारोह की तैयारियां खास तरह के कोड से बने निमंत्रण कार्ड से लेकर, PM Modi के शेड्यूल तक जानें पांच बड़ी बातें
नई दिल्ली। अयोध्या राम मंदिर भूमि पूजन ( Ram Mandir Ayodhya ) को लेकर तैयारियां अपने अंतिम दौर में पहुंच गई हैं। पूरा अयोध्या इस वक्त राममय हो चुका है। लंबे इंतजार और संघर्ष के बाद आखिरकार वो लम्हा आ रहा है जिसका देशवासी गवाह बनना चाहते थे। इस भूमि पूजन में प्रधानमंत्री ( pm modi ) नरेंद्र मोदी, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ( RSS Chief Mohan Bhagwat ), यूपी के राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और सीएम योगी आदित्यनाथ ( CM Yogi Adityanath ) के अलावा देशभर के साधु-संत और नेपाल के लोग भी शामिल होंगे।
श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा है कि राम मंदिर भूमि पूजन कार्यक्रम के लिए अयोध्या में अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था की गई है।' आईए एक नजर अयोध्या में राम जन्मभूमि पूजन से जुड़ी बात बड़ी बातें।
1. मेहमानों की सूचीः
बहुप्रतीक्षित भूमि पूजन में 175 अतिथि शामिल होंगे, इनमें पीएम मोदी ( PM Modi ), आरएसएस प्रमुख भागवत ( RSS Chief Mohan Bhagwat ), यूपी के राज्यपाल और सीएम, श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष नित्या गोपाल दास और भारत और नेपाल के संत शामिल होंगे। तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के आधिकारिक ट्विटर हैंडल के मुताबिक श्री राम जन्मभूमि मंदिर के भूमिपूजन के लिए 175 प्रतिष्ठित मेहमानों को आमंत्रित किया गया है। कार्यक्रम में 135 आध्यात्मिक परंपराओं से संबंधित 135 पूज्य संत उपस्थित होंगे। अयोध्या के कुछ प्रतिष्ठित नागरिकों को भी आमंत्रित किया गया है।
वहीं बीजेपी के वरिष्ठ नेता एल के आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए समारोह में शामिल होंगे।
ट्रस्ट के मुताबिक कोरोना महामारी के कारण कुछ मेहमानों के आगमन में कुछ व्यावहारिक कठिनाइयां हैं। 90 वर्ष से अधिक आयु के लोगों का आगमन उचित नहीं है। वहीं पूज्य शंकराचार्य और कई पूज्य संतों ने चातुर्मास के कारण उपस्थित होने में असमर्थता व्यक्त की है।
मो. यूनुस और इकबाल अंसारी भी आमंत्रित
फैजाबाद के मोहम्मद यूनुस, जिन्हें लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार करने के लिए पद्मश्री मिला है, उनको भी भूमिपूजन के लिए आमंत्रित किया गया है। अयोध्या भूमि विवाद मामले में मुख्य याचिकाओं में से एक इकबाल अंसारी को भी भूमि पूजन के लिए आमंत्रित किया गया है।
2. आमंत्रणः
चंपत राय के मुताबिक निमंत्रण कार्ड प्रति व्यक्ति के आधार पर ही दिया गया है। बुधवार को आने वालों को कार्यक्रम से पहले उनके कार्ड दिए जाएंगे। आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और सीएम योगी आदित्यनाथ के नाम पर निमंत्रण भेजे जा रहे हैं।
3. चाक चौबंद सुरक्षा व्यवस्थाः
आयोजन की सुरक्षा व्यवस्था बहुत सख्त है। चंपत राय ने सुरक्षा व्यवस्था के बारे में बताते हुए कहा कि निमंत्रण पत्र में खास तरह का सुरक्षा कोड दिया गया है। इसे सिर्फ एक बार स्वाइप किया जा सकता है।
निमंत्रण कार्ड में एक सीरियल नंबर भी दिया गया है, जो प्रवेश के समय पुलिसकर्मी की ओर से चेक किया जाएगा। इन कार्ड की खासियत यह है कि ये ट्रांसफर नहीं किए जा सकते। यानी जिनके नाम पर है वही इसमें शामिल हो सकते हैं। इनका इस्तेमाल भी सिर्फ एक ही बार हो सकता है।
4. ना गैजेट और ना ही कोई वाहन पास:
किसी भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, मोबाइल या कैमरे को कार्यक्रम स्थल पर जाने की अनुमति नहीं होगी। अतिथियों को कोई वाहन पास जारी नहीं किया जाएगा। अमाव मंदिर के सामने पार्किंग की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने के लिए मेहमानों को लगभग 250 सीढ़ियां चढ़नी होंगी।
5. कार्यक्रम का समयः
- 8 से 2 बजे के बीच कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा
- 10.30 बजे सुबह सभी मेहमान कार्यक्रम स्थल पर पहुंच जाएंगे
- 10:25 बजे पीएम मोदी का विमान लखनऊ एयरपोर्ट उतरेगा
- 11 बजकर 15 मिनट पर अयोध्या पहुंचेंगे पीएम
- 12.15 बजे राम मंदिर नींव भूमि पूजन का मुहूर्त
- 5 रुपये के डाक टिकट का अनावरण भी करेंगे पीएम मोदी
- 3.15 बजे पीएम मोदी लखनऊ से दिल्ली के लिए रवाना होंगे
- 2000 से अधिक तीर्थों की पवित्र मिट्टी
- 100 से अधिक नदियों के जल को भूमि पूजन के लिए अयोध्या लाया गया