
नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस ( coronavirus ) के मामले लगातार बढ़ते ही जा रहे हैं। राजधानी दिल्ली से सटे इलाकों में भी कोरोना का कहर अपने चरम पर है। इस बीच दिल्ली से सटे गाजियाबाद ( Ghaziabad ) में जिलाधिकारी ने सोमवार को एक बड़ा फैसला लिया। दरअसल, गाजियाबाद के डीएम ( Ghaziabad DM ) ने बॉर्डर को सील करने का आदेश दे दिया, जिसके बाद शाम को दिल्ली-गाजियाबाद बॉर्डर ( Delhi-Ghaziabad Border ) पर बहुत ही भयानक जाम लग गया।
बॉर्डर सील होने के बाद लगा लंबा जाम
गाजियाबाद डीएम के आदेश से अनजान लोग बॉर्डर पर पहुंचने लगे। शाम होते-होते बॉर्डर पर गाड़ियों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं। डीएम के आदेश के बाद यूपी गेट पर पुलिस चेकिंग शुरू हो गई है। अब यहां पर गाड़ियों की लंबी लाइन लग गई है। वहां फंसे लोगों का कहना है कि उन्हें बॉर्डर सील होने की कोई जानकारी नहीं थी। आपको बता दें कि सोमवार की दोपहर को गाजियाबाद जिला प्रशासन ने दिल्ली-गाजियाबाद बॉर्डर सील करने की घोषणा की थी।
कोरोना के मामलों को काबू करने के लिए फैसला
प्रशासन ने अपने इस कदम के पीछे तर्क दिया कि कोरोना के मामले बहुत तेजी से बढ़ रहे हैं, इसको काबू में करने के लिए यह फैसला लिया गया है। हालांकि, इस बार भी आवश्यक वस्तुओं को छूट दी जा रही है। आपको बता दें कि दिल्ली की तरफ से नोएडा में एंट्री पहले ही बंद थी। लेकिन, लॉकडाउन 4 में गाजियाबाद बॉर्डर खुलने के बाद लोग आनेजाने के लिए उसी का इस्तेमाल कर रहे थे। अब अचानक इसके सील होने और पुलिस चेकिंग शुरू होने से जाम की समस्या हो गई है।
दोपहर में ऐलान हुआ, कई लोगों तक नहीं पहुंची जानकारी
इस फैसले के बारे में एक अधिकारी ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रशासन के ऐलान के बाद बॉर्डर पर लोगों का पास हर आइडेंटिटी प्रूफ चेक किया जा रहा है। गाजियाबाद के ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर विशाल सिंह ने भी कहा कि फैसला दोपहर को लिया गया, ऐसे में मुमकिन है कि बहुत लोग इसके बारे में नहीं जानते हों। हम सबको इस बारे में बता रहे हैं, वरना उन्हें दिल्ली में एंट्री नहीं मिलेगी।
इन सेवाओं को मिल रही छूट
अधिकारियों ने बताया कि आवश्यक वस्तुओं से जुड़े लोग हर मीडियाकर्मियों को छूट दी जा रही है। उन्हें पास की भी जरूरत नहीं है। बस वे पहचान पत्र दिखाकर आ-जा सकते हैं। इसके अलावा एम्बुलेंस जैसे सेवाओं पर भी यह प्रतिबंध लागू नहीं होता।