
Raid in Arun traders, ट्रक में लोड पीडीएस चावल जब्त करती प्रशासनिक टीम (Photo- Patrika)
अंबिकापुर। उचित मूल्य की दुकानों से वितरित किए जाने वाले शासकीय चावल की कथित कालाबाजारी की शिकायत पर जिला प्रशासन और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने शहर के खरसिया नाका स्थित अरुण ट्रेडर्स (Arun traders) में शुक्रवार को छापामार कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान परिसर में खड़े एक ट्रक से 130 बोरी पीडीएस चावल बरामद किया गया। इधर प्रशासनिक टीम के पहुंचने की खबर पर अरुण ट्रेडर्स का संचालक अरुण बंसल गोदाम में ताला मारकर फरार हो गया। इसके बाद ऑफिसरों ने दुकान और गोदाम को सील कर दिया है।
बताया जा रहा है कि प्रशासनिक टीम जब छापा मार (Raid in Arun Traders Ambikapur) कार्रवाई कर रही थी तो अरुण ट्रेडर्स का संचालक अरुण बंसल मौके पर मौजूद था। वह गोदाम में ताला मारकर जाने लगा तो टीम ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह वहां से निकल गया। अधिकारियों को आशंका है कि गोदाम में बड़ी मात्रा में पीडीएस चावल रखा हुआ है। गोदाम सील कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
खाद्य विभाग और जिला प्रशासन जब्त चावल के स्रोत तथा उसके परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रहे हैं। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि अरुण बंसल (Arun Traders director) के खिलाफ पूर्व में भी पीडीएस चावल की कथित हेराफेरी के मामले में एफआईआर दर्ज हो चुकी है। इस कार्रवाई के बाद एक बार फिर मामले ने तूल पकड़ लिया है।
इधर अंबिकापुर ब्लॉक के बड़ादमाली में शासन द्वारा निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर उर्वरक विक्रय किए जाने के मामले में मेसर्स इन्द्र कृषि सेवा केन्द्र का लाइसेंस निरस्त कर दिया गया है। बता दें कि 9 जून को ग्राम नानदमाली व बड़ादमाली के कृषकों द्वारा मेसर्स इन्द्र कृषि सेवा केन्द्र के विरूद्ध शिकायत की गई थी।
शिकायत के अनुसार मेसर्स के द्वारा निर्धारित शासकीय मूल्य से अधिक दर पर उर्वरक बिक्री की जा रही थी। मामले को संज्ञान में लेते हुए क्षेत्रीय उर्वरक निरीक्षक एवं जिला स्तरीय टीम द्वारा स्थल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान मौके पर उपस्थित कृषकों के बयान व साक्ष्यों से यह पुष्टि हुई कि मेसर्स के द्वारा शासन द्वारा घोषित मूल्य से अधिक मूल्य पर उर्वरक बिक्री की जा रही थी, जो उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 के खण्ड-3 (3) का स्पष्ट रूप से उल्लघंन है।
अनियमितता एवं उर्वरक निरीक्षक क्षेत्र नवानगर के अनुशंसा के आधार पर उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 की धारा 31 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए उर्वरक पंजीयन प्राधिकारी एवं उप संचालक कृषि द्वारा मेसर्स इन्द्र कृषि सेवा केन्द्र के प्रोपराइटर श्वेता सोनी को जारी उर्वरक बिक्री का लाइसेंस निरस्त कर दिया गया है।
Updated on:
17 Jul 2026 08:59 pm
Published on:
17 Jul 2026 08:59 pm
