विविध भारत

CAA पर हंगामे के बाद जामिया मिलिया इस्लामिया के प्रो-वाइस चांसलर बने इलियास हुसैन

जेएमअईयू की कुलपति नजमा अख्तर ने हुसैन को प्रो-वीसी नियुक्‍त किया हुसैन के पास जामिया स्कूलों के निदेशक का पद भी है सीएए के विरोध में जेएमआईयू के छात्र बैठे भूख हड्ताल पर

less than 1 minute read

नई दिल्‍ली। जामिया मिलिया इस्लामिया विश्‍वविद्यालय ( JMIU) की कुलपति नजमा अख्तर ने बुधवार को प्रोफेसर इलियास हुसैन को संस्थान का प्रो-कुलपति (पीवीसी) नियुक्त किया। हुसैन अनुसंधान पद्धति, दूरस्थ शिक्षा और उच्च शिक्षा के वित्तपोषण में विशेषज्ञता रखते हैं। जेएमआई में शिक्षा संकाय में वरिष्ठ प्रोफेसर के रूप में भी काम कर रहे हैं। उनके पास जामिया स्कूलों के निदेशक का पद भी है।

इससे पहले उन्होंने शिक्षा संकाय में डीन के रूप में कार्य किया था। प्रोफेसर इलियास हुसैन ने राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पत्रिकाओं में कई लेख लिखे हैं। इसके अलावा उन्होंने 5 किताबें लिखी हैं और दो किताबें संपादित की हैं।

इलियास हुसैन कई शैक्षणिक बोर्ड, यूनिवर्सिटी और निकायों की सलाहकार समितियों से जुड़े रहे हैं। उन्होंने मानव संसाधन विकास मंत्रालय की हरियाणा शिक्षा योजना और नई शिक्षा नीति में भी योगदान दिया है।

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी और जेएमआई के पूर्व छात्र हुसैन का शिक्षण और अनुसंधान में लगभग साढ़े तीन दशकों का करियर है।

भूख हड़ताल बैठे JMIU के छात्र

नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे जामिया के छात्रों ने बुधवार को क्रमिक भूख हड़ताल शुरू कर दी है। छात्रों ने सरकार के समक्ष नागरिकता कानून वापस लेने सहित 7 मांगें रखी हैं। यूनिवर्सिटी परिसर के बाहर विरोध प्रदर्शन स्थल पर मौजूद छात्र-छात्राओं के मुताबिक वे सत्याग्रही क्रमिक भूख हड़ताल कर रहे हैं। बुधवार को छात्रों के विरोध प्रदर्शन का 20वां दिन था।

Updated on:
02 Jan 2020 08:31 am
Published on:
02 Jan 2020 08:28 am
Also Read
View All