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संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय शांति सैनिक दिवस 2021 : क्यों मनाया जाता है ​यह दिवस और कब से हुई इसकी शुरुआत

हर साल 29 मई को अंतर्राष्ट्रीय संयुक्त राष्ट्र शांति सैनिक दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन उन सभी महिलाओं और पुरुषों को समर्पित है, जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के शांति अभियानों में सैन्य, पुलिस या नागरिक के रूप में कार्य किया है।
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international day of un peacekeepers
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नई दिल्ली। हर साल 29 मई को विश्वभर में संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय शांति सैनिक दिवस मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र शांति सैनिकों की स्मृति का सम्मान करने के लिए यह दिन स्थापित किया गया था। यह दिन उन सभी महिलाओं और पुरुषों को समर्पित है, जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के शांति अभियानों में सैन्य, पुलिस या नागरिक के रूप में कार्य किया है। आज के दिन दुनियाभर में उन सभी महिलाओं और पुरुषों के कार्य की सराहना तथा सम्मान के लिए भिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। इसके अतिरिक्त संयुक्त राष्ट्र डाक प्रशासन (यूएनपीए) द्वारा इस अवसर पर छह डाक टिकटों का संग्रह जारी किया गया।

क्यों मनाया जाता है यह दिवस:—
साल 1948 से यह दिवस संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन के अधीन कार्यरत 3,900 से अधिक शांति सैनिकों को संपूर्ण विश्व में शांति स्थापित करने हेतु उनके प्रयासों के लिए याद किया जाता है। जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के तहत अपनी जान गंवाई। इस साल उनकी चुनौतियां बढ़ी हैं क्योंकि वे न केवल लोगों की रक्षा करते हैं बल्कि COVID-19 महामारी से भी जूझ रहे हैं। इस दिवस को मनाने उद्देश्य यह है कि शांति स्थापना हेतु शहीद हुए सैनिकों को याद करना एवं उन्हें सम्मान प्रदान करना। इस दिन सभी पुरुष एवं महिला शांति सैनिकों को श्रद्धांजलि देना एवं उनके कार्यो, जज्बे एवं समर्पण का सम्मान करना।

पहली बार 2003 में मनाया गया :—
संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा साल 2003 में अपनाए एक प्रस्ताव के बाद 29 मई को संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय शांति सैनिक दिवस के रूप में घोषित किया गया। यह दिवस शांति सैनिकों के योगदान को सम्मान देने एवं उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए मनाया जाता है। इस दिन उन सभी पुरुषो और महिलाओ को श्रद्धांजलि दी जाती है जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के शांति प्रबंधन कार्यों में अपने उच्च स्तर की व्यावसायिकता, समर्पण और साहस का प्रदर्शन किया।

भारत में भी तैनात रह चुके हैं संयुक्त राष्ट्र के सैन्य पर्यवेक्षक
संयुक्त राष्ट्र की अपनी कोई सेना नहीं है और शांति सेना के सदस्य अपने देश की सेना के सदस्य ही रहते हैं। संयुक्त राष्ट्र शांति सैनिक नीले रंग की कैप लगाते हैं या नीले रंग के हेल्मेट पहनते हैं, जो अब इस सेना की पहचान बन गई है। अपने देश में भी संयुक्त राष्ट्र के सैन्य पर्यवेक्षक तैनात रह चुके हैं। पाकिस्तान द्वारा जम्मू-कश्मीर पर किये गए हमले की शिकायत लेकर 6 जनवरी 1948 को भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में गया था। भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की धारा 35 के नियमों के तहत सुरक्षा परिषद में गया था, इसलिये भारत पर हुए पाकिस्तान के हमले के विषय पर 6 बिंदुओं वाला एक प्रस्ताव लाया गया था। इस प्रस्ताव पर पाकिस्तान ने कभी अमल ही नहीं किया।


संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय के तथ्य:—
— पहला संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन साल 1948 में स्थापित किया गया था।
— संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति फ्रैंकलिन डी रूजवेल्ट द्वारा संयुक्त राष्ट्र नाम 1 जनवरी, 1942 को संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित किया गया।
— 24 अक्टूबर 1945 को संयुक्त राष्ट्र आधिकारिक रूप से अस्तित्व में आता है
— संयुक्त राष्ट्र का मुख्यालय न्यूयॉर्क में है।

Updated on:
29 May 2021 09:13 am
Published on:
29 May 2021 08:07 am
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