
नई दिल्ली। तीन नए कृषि कानून के खिलाफ किसानों का विरोध प्रदर्शन 33वें दिन भी जारी है। किसानों का कहना है कि जब तक कानून वापस नहीं हो जाते, वे अपने घर नहीं लौटेंगे। किसान नेता राकेश सिंह टिकैत ने "बिल वापसी नहीं तो घर वापसी नहीं" का नारा देकर आंदोलन तेज करने की धमकी दी है।
इस बीच केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने उम्मीद जताई है कि किसानों के साथ अगली बैठक में हल निकल सकता है।समाचार एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के अनुसार, केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ने कहा, हम आशावान हैं कि कल की बैठक में सफलता मिलेगी और हम एक समाधान तक पहुंच सकेंगे। अगर वो किसान के चश्मे से देखेंगे तो सफल परिणाम आएगा लेकिन राजनीतिक चश्मे से सफलता शायद न मिल सके। ये कानून किसान को आज़ादी देने वाले हैं।
इससे पहले भी चौधरी ने किसानों और सरकार के बीच अगली बैठक में एक समाधान निकालने की बात कही थी। उन्होंने कहा था किकई राज्यों के किसान भी नए कृषि कानूनों का समर्थन कर रहे हैं और प्रधानमंत्री को ‘धन्यवाद’ पत्र भेज रहे हैं।