
नई दिल्ली। रविवार को पीएम नरेंद्र मोदी ( Pm Narendra Modi ) ने मन की बात ( Mann ki Baat ) में कहा कि इन दिनों हिंदुस्तान के हर कोने में उत्सव और मेलों की धूम है। दीवाली तक यह सिलसिला जारी रहेगा।
शनिवार को देशवासियों ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मनाया है। पीएम ने भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की मित्रता का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों की मित्रता को भुलाया नहीं जा सकता।
सत्य का प्रयोग
उन्होंने कहा कि दो अक्टूबर को देश और दुनियाभर के लोग महात्मा गांधी की 150सीं जयंती मनाएंगे। गांधी जी ने मानव सेवा शब्दों में नहीं, उसे हकीकत में करके दिखाई थी।
पीएम मोदी ( Pm Narendra Modi ) ने गांधी जी का जिक्र करते हुए कहा कि उनका सत्य के साथ अटूट नाता था। सेवा के साथ भी उनका उतना ही अटूट नाता था। इसके जरिए उन्होंने न केवल सेवाभाव पर बल दिया बल्कि आत्मसुख पर भी जोर दिया।
11 सितंबर से शुरू होगा स्वच्छता अभियान
पीएम मोदी ( Pm Narendra Modi ) ने मन की बात ( Mann ki Baat ) में देशवासियों को याद दिलाते हुए कहा कि आपको याद होगा कि पिछले कुछ सालों में हम 2 अक्टूबर से पहले लगभग 2 सप्ताह तक देशभर में स्वच्छता ही सेवा अभियान चलाते हैं। इस बार ये 11 सितम्बर से शुरू होगा।
इस बार गांधी जी की याद में 2 अक्टूबर को बापू की 150वीं जयंती मनाएंगे। हम उन्हें खुले में शौच से मुक्त भारत समर्पित करेंगे। उस दिन पूरे देश में प्लास्टिक के खिलाफ एक नए जन-आंदोलन की नींव रखेंगे।
पीएम ने सभी वर्गों के लोगों से अपील की है कि इस बार दो अक्टूबर से गांधी जी की याद में और भारत माता को प्लास्टिक कचरे से मुक्ति दिलाने के रूप में मनाएं। इसलिए हम महात्मा गांधी जयंती का दिन एक विशेष श्रमदान का उत्सव बन जाए।
अपना थैला स्वयं लेकर आएं
इस आंदोलन को सफल बनाने के लिए कई व्यापारी भाईयों ने अभी से दुकान में एक तख्ती लगा दी है, जिस पर लिखा है कि ग्राहक अपना थैला साथ लेकर आएं। इससे पैसा भी बचेगा और पर्यावरण की रक्ष में वे अपना योगदान भी दे पाएंगे।
न्यू इंडिया अभियान में बनें सहभागी
मन की बात में पीएम ने ( Pm Narendra Modi ) कहा कि नया दौर न्यू इंडिया का है। इस दौर में हमें लक्ष्यों को कम समय में पूरा करने पर जोर देना होगा। न्यू इंडिया का सपना तभी पूरा होगा जब इस अभियान सभी लोग अभी से अपने-अपने स्तर पर जुट जाएंगे।
लोगों से की पूर्वोत्तर भारत का भ्रमण करने की अपील
उन्होंने मन की बात ( Mann ki Baat ) में लोगों से इस बात की अपील की है कि अपने जीवन में आप पूर्वोत्तर भारत का भ्रमण जरूर करें। आप वहां प्रकृति को देखते ही रह जाएंगे।