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लड़कियों के लिए यौन उत्पीड़न आम बात, जल्दी नहीं होती कार्रवाई: रिपोर्ट

इस उम्र की लड़कियां सबसे ज्यादा होती है यौन शोषण का शिकार।

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लड़कियों के लिए यौन उत्पीड़न आम बात, जल्दी नहीं होती कार्रवाई: रिपोर्ट

नई दिल्ली। इन दिनों सोशल मीडिया पर #MeeToo हैशटैग काफी चर्चा में है। इस हैशटैग के जरिए महिलाएं अपने साथ हुए यौन शोषण की घटना को साझा कर रही हैं। वहीं इस बीच लड़कियों से जुड़ी एक ऐसी रिपोर्ट सामने आई है जो हैरान और परेशान करने वाली है। इस रिपोर्ट में लड़कियों के साथ होने वाले यौन उत्पीड़न के बारे में बताया गया है, जो काफी चौंकाने वाल है। रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली सहित दुनियाभर की लड़कियां हमेशा यौन उत्पी़ड़न का शिकार होती हैं। इसमें सबसे ज्यादा नवयुवतियां शामिल है। उन्हें सेक्सुअल हरासमेंट का सबसे ज्यादा सामना करना पड़ता है। बता दें कि यह रिपोर्ट बाल अधिकारों के लिए काम करने वाली ऑस्ट्रेलिया की प्लान इंटरनेशनल संस्था ने जारी की है।

यौन उत्पीड़न बहुत बड़ी घटना नहीं

इस रिपोर्ट में अनुसार ज्यादातर लड़कियों का ऐसा मानना है कि उनके साथ होने वाली यौन उत्पीड़न की घटनाएं लोगों के लिए बहुत बड़ी घटना नहीं होती। जब भी ऐसी कोई घटना सामने आती है तो उन्हें ही दोषी ठहराया जाता है या फिर उन्हें चुप रहने को कहा जाता है। वहीं इनमें से कुछ समाज और इज्जत के डर से चुप हो जाती हैं। लेकिन कुछ सामने आती भी हैं तो उन पर बहुत काम कार्यवाई की जाती है। यौन उत्पीड़न जैसी घटना को पुलिस भी ज्यादा गंभीरता से नहीं लेती।

पांच देशों की लड़की के बयान पर बनाई गई रिपोर्ट

आपको बता दें कि प्लान इंटरनेशनल ने यह रिपोर्ट न सिर्फ दिल्ली बल्कि विदेश में कंपाला, लीमा, मैड्रिड और सिडनी जैसे शहरों में रहने वाली हजारों लड़कियों और नवयुवतियों के बयानों के आधार पर बनाई है। इस रिपोर्ट में सामने आया कि इन पांच शहरों में लड़के और पुरुष लड़कियों और नवयुवतियों का पीछा करते हैं। इसमें सबसे ज्यादा शिकार नवयुवतियां होती हैं। राह चलते स्कूल, कॉलेज, बाजार हर जगह उन्हें लड़के जबरदस्ती छूने की कोशीश करते हैं। भद्दे कमेंट करते हैं, घूरते हैं। उन्हें देख कर अशलील हरकतें करते हैं।

लड़कियां यौन उत्पीड़न को आम बात मानती हैं

रिपोर्ट के मुताबिक, लड़कियों ने बताया कि इस तरह का शोषण होना आम बात है। ये रोजाना उनके साथ होता है। वे इसे सामान्य मानती हैं। वहीं अगर वे इसका विरोध करें तो समाज और अधिकतर के घर वाले ऐसे व्यवहार को बेजती की वजह से छिपा लेते हैं। ऐसे कम ही मामले सामने आते हैं जिन पर कार्रवाई होती है।

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Published on:
12 Oct 2018 08:51 am
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