विविध भारत

मुजफ्फरपुर केस: महाधिवक्‍ता ने सीबीआई जांच से जुड़ी जानकारी मीडिया में प्रकाशित करने पर लगाई रोक

बिहार के महाधिवक्ता ललित किशोर ने खत लिखकर सरकार से कहा कि मुजफ्फरपुर कांड की जांच से जुड़ी कोई भी खबर मीडिया में प्रकाशित न हो।

2 min read
Aug 24, 2018
patna high court
मुजफ्फरपुर केस: महाधिवक्‍ता ने सीबीआई जांच से जुड़ी जानकारी मीडिया में प्रकाशित करने पर लगाई रोक

नई दिल्‍ली। बिहार के मुजफ्फरपुर कांड से जुड़ी जांच की खबर अब लोग नहीं जान पाएंगे। ऐसा इसलिए कि इसके प्रकाशन पर बिहार के महाधिवक्ता ललित किशोर ने एक आदेश जारी कर इस कांड की जांच ये जुड़ी जानकारियों के प्रकाशन पर रोक लगा दी है। यह आदेश महाधिवक्‍ता ने पटना हाईकोर्ट के मुख्‍य न्‍यायाधीश एमआर शाह और न्‍यायाधीश रवि रंजन का हवाला देते हुए जारी किया है। बता दें कि मुजफ्फरपुर कांड संवेदनशील मामला है। इसलिए पटना उच्‍च न्‍यायालय ने जांच से संबंधित सूचनाओं के प्रकाशन को गंभीरता से लिया है। अब मुजफ्फरपुर कांड की अगली सुनवाई पटना हाईकोर्ट में 27 अगस्त को होगी।

पटना उच्‍च न्‍यायालय ने लिया संज्ञान
मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड की सुनवाई पटना हाईकोर्ट में गुरुवार को हुई थी। इस दौरान मुख्‍य न्‍यायाधीश ने एमआर शाह और न्यायाधीश रवि रंजन ने इस बात का संज्ञान लिया कि इस कांड की जांच से जुड़ी जानकारियां मीडिया में कैसे प्रकाशित हो रही है? इस बात के मद्देनजर ही महाधिवक्ता ललित किशोर ने बिहार सरकार को खत लिखकर यह सुनिश्चित करने को कहा है कि मीडिया में मुजफ्फरपुर कांड की जांच से जुड़ी हुई कोई भी खबरों का प्रकाशन न हो। महाधिवक्ता ललित किशोर ने यह पत्र बिहार सरकार के मुख्य सचिव दीपक कुमार, गृह विभाग के मुख्य सचिव आमिर सुबहानी और समाज कल्याण विभाग के मुख्य सचिव अतुल प्रसाद को लिखा है। उनके खत के बाद समाज कल्याण विभाग के निदेशक राजकुमार ने भी एक पत्र निर्गत किया और महाधिवक्ता के खत का हवाला देते हुए मीडिया को मुजफ्फरपुर कांड की जांच से जुड़ी कोई भी खबर प्रकाशन न करने को कहा है।

मंजू वर्मा को देना पड़ा इस्‍तीफा
आपको बता दें कि मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड 31 मई को पहली बार प्रकाश में आया था। इसका खुलासा टिस की रिपोर्ट आने के बाद हुआ। इस मामले में बालिका गृह के संचालक बृजेश ठाकुर मुख्‍य आरोपी हैं। बिहार सरकार में मंत्री मंजू वर्मा को इस मामले में लिप्‍तता को देखते हुए इस्‍तीफा देना पड़ा था। इस मामले में अभी तक आठ से ज्‍यादा लोग गिरफ्तार हो चुके हैं। अब इस मामले में नीतीश सरकार के एक और पूर्व मंत्री रावत और उनके बेटे का नाम भी आ रहा है। बताया जा रहा है कि पूर्व मंत्री का बृजेश ठाकुर से करीबी का रिश्‍ता है।

Published on:
24 Aug 2018 09:22 am