
नई दिल्ली। मुजफ्फरपुर शेल्टर होम केस ( Muzaffarpur shelter home case ) में केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो ( CBI ) के खुलासे के बाद सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई की। इस दौरान कोर्ट ने जांच एजेंसी को दो हफ्तों में मामले की जांच पूरी करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही कोर्ट ने CBI को मामले की स्टेटस रिपोर्ट भी दायर करने को कहा है। शीर्ष अदालत ने इस मामले की सुनावई 3 जून तक के लिए टाल दी है।
श्मशान घाट में बरामद हुई थी हड्डियों की पोटली
बता दें कि कोर्ट ने 11 लड़कियों के हत्या के बारे में जांच एजेंसी से पड़ताल पूरी करने के निर्देश दिए हैं। इससे पहले शनिवार को CBI ने इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट में एक हलफनामा दायर किया था। इसमें उन्होंने शीर्ष अदालत को बताया कि जांच के दौरान पूछताछ में पीड़ित लड़कियों ने उन 11 लड़कियों के नाम बताए, जिसकी हत्या ब्रजेश ठाकुर और उसके सहयोगियों ने की थी। निशानदेही पर श्मशान घाट में खुदाई की गई, जहां से हड्डियों की पोटली बरामद हुई।
तेजस्वी यादव का नीतीश पर निशाना
वहीं, सीबीआई के इस खुलासे के बाद राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार और JD(U) पर निशाना साधा था। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस मामले में ब्रजेश कुमार के अलावा और भी कई लोग शामिल हैं। उन्होंने कहा था, 'मैं दावे के साथ कह सकता हूं कि इस केस में नीतीश कुमार जी के कई अन्य मंत्री और खास दोस्त भी शामिल हैं।' यही नहीं तेजस्वी यादव ने इसके आगे यहां तक कहा कि राज्यपाल (Governor) को सरकार को बर्खास्त कर देना चाहिए।