विविध भारत

अटल बिहारी वाजपेयी की अंतिम यात्रा में पैदल चले पीएम मोदी, सुरक्षा में लगे आईबी के 600 लोग, 50 शार्पशूटर्स

पीएम मोदी और अमित शाह पैदल चलकर पहुंचे स्मृतिवन

2 min read
दिल्ली: पकड़ी गई 7 महीने से फरार चल रही 'लेडी डॉन' बशीरन, पूरे परिवार पर हैं 113 केस दर्ज

नई दिल्ली। पूर्व प्रधानमंत्री और भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के निधन पर पूरे देश गम में डूबा हुआ है। शुक्रवार को उनका अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम यात्रा मेें भी जनसैलाब उमड़ पड़ा था। इस अंतिम यात्रा में पीएम मोदी और भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह भी पैदल चलते हुए नजर आए। इस दौरान उनकी सुरक्षा चाक चौबंद थी। उनकी सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। खबरों के मुताबिक अंतिम यात्रा में जब प्रधानमंत्री मोदी ने फैसला किया कि वह 'स्मृतिवन' तक पैदल जाना चाहते हैं तो सुरक्षा एजेंसियों के लिये बड़ी मुश्किल खड़ी हो गई। मीडिया में आई खबरों के अनुसार भाजपा मुख्यालय में प्रधानमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था संभालने वाली स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप (एसपीजी) को बताया कि प्रधानमंत्री पैदल ही यह दूरी तय करेंगे और उनके साथ अमित शाह भी होंगे। ये बात आखिरी वक्त में बताई गई। तुरंत निर्णय लिया गया और दिल्ली पुलिस के गुप्तचर तैनात कर दिये गये।

पांच हिस्सों में बंटी सुरक्षा

आदेश के बाद पीएम मोदी और अमित शाह को सेना, अर्द्धसैनिक बलों की टीम ने अपने घेरे में ले लिया। बताया जा रहा है कि आईबी (खुफिया) ने दिल्ली पुलिस के चुने हुए जवानों को सादी वर्दी और सफेद टोपी में कार्यकर्ताओं के तौर पर भीड़ में शामिल कराया गया। एसपीजी की एक स्पेशल टीम ने घेरा बनाकर दोनों नेताओं को उसके अंदर शामिल कर लिया। दिल्ली पुलिस के जवान जिनको सादी वर्दी में तैनात किया गया था उन्होंने एक मानव श्रृंखला बनाई जिसमें दोनों नेताओं के अलावा एसपीजी के जवान ही अंदर थे। तस्वीरों में आप देख भी सकते हैं उन एसपीजी के जवानों को, ज्यादातर काला चश्मा पहने हुए हैं। एसपीजी ने स्मृति वन स्थल में सेना, नेवी और वायुसेना के जवानों को भी लगाया था। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक बहादुरशाह जफर मार्ग और आसपास के क्षेत्रों में शार्पशूटर तैनात किये गये थे जो भीड़ पर नजर रखे हुये थे। राष्ट्रीय स्मृति स्थल की सुरक्षा को पांचों हिस्सों में बांटा गया था। जिसकी जिम्मेदारी डीसीपी रैंक के अफसरों को दी गई थी। इसके बाद 12 जोन में बांटकर एसीपी तैनात किये गय। जोन को 65 सेक्टर में बांटा गया और इनकी जिम्मेदारी इंस्पेक्टर्स को दी गई। पीएम मोदी की सुरक्षा में कुल 14 एसीपी, 67 इंसपेक्टर, 233 उच्च और 1084 उसके नीचे का स्टाफ लगाया था। दिल्ली पुलिस के अलावा अर्द्धसैनिक बलों और रिजर्व पुलिस की 9 कंपनियां तैनात की गई थीं।

सुरक्षा में लगे आईबी के 600 लोग

700 कमांडों एनएसजी, एसपीजी और स्वाट टीम के लगाए गए
30 टीमें पराक्रम की भीड़भाड़ वाले इलाके में तैनात की गई
650 जवान खुफिया के भीड़ के साथ चले रहे
600 सीसीटीवी कैमरे पूरे रास्ते में लगाए गए
3200 सुरक्षाकर्मी भाजपा मुख्यालय से स्मृतिवन स्थल तक निगरानी करते दिखे
50 शार्प शूटर आसपास के इलाके में तैनात किये गये थे

ये भी पढ़ें

अटल बिहारी वाजपेयी ने भरे मंच पर छू लिए थे इस महिला के पैर, नारी शक्ति की दी थी मिसाल
Published on:
18 Aug 2018 01:49 pm
Also Read
View All
Water crisis in Mainpat: Video: मैनपाट में 100 बस्तियों के लोग पी रहे नदी-नाले का गंदा पानी, सीएम ने कलेक्टर को लगाया फोन, कहा- जल्दी व्यवस्था करो

Gang rape case: विधायक बोले- नाबालिग लड़कियों के साथ गैंगरेप की घटना सभ्य समाज के लिए कलंक, लेकिन कांग्रेसी सेंक रहे राजनीतिक रोटियां

Pickup accident: 30 बारातियों से भरी पिकअप पलटी, महिला समेत 2 की मौत, दर्जनभर घायलों में 4 की हालत गंभीर

Drowned in river: नदी में नहाने गए युवा चाचा-भतीजे की डूबकर मौत, दोस्त की बची जान, 10 दिन पहले डूब गए थे मामा-भांजी

Protest to put body on road: Video: महिला गार्ड का शव सडक़ पर रखकर परिजनों ने प्रदर्शन, संकल्प अस्पताल प्रबंधन से मुआवजे की मांग