प्रद्युम्न हत्याकांड में गुरुग्राम पुलिस ने रेयान इंटरनेशनल स्कूल के संचालक पिंटो परिवार को समन भेजा है।
गुरुग्राम। प्रद्युम्न हत्याकांड में गुरुग्राम पुलिस ने रेयान इंटरनेशनल स्कूल के संचालक पिंटो परिवार को समन भेजा है। समन भेजते हुए पुलिस ने पिंटो परिवार से 26 सितंबर को पूछताछ के लिए तलब किया है। पुलिस का कहना है कि पिंटो परिवार पूछताछ में पुलिस की मदद नहीं कर रहा है।
#RyanInternationalSchool case: Pintos have been summoned by #Gurugram Police for interrogation on 26th September in #Pradyuman murder case— ANI (@ANI) September 22, 2017
दिल्ली-एनसीआर में छुपा पिंटो परिवार
बता दें कि गिरफ्तारी से बचने के लिए पिंटो परिवार ने बॉम्बे हाईकोर्ट और पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दे चुका है, जिसे ठुकराया जा चुका है। पुलिस के सूत्र बताते हैं कि पिंटो परिवार अपना घर छोड़कर इन दिनों दिल्ली-एनसीआर में छुपा हुआ है।
अबतक नहीं शुरु हुई सीबीआई जांच
प्रद्युम्न के परिजनों से मुलाकात के बाद हरियाणा के सीएम मनोहर लाल खट्टर ने इस हत्याकांड के सीबीआई जांच की बात कही थी। इसके लिए खट्टर ने केंद्र सरकार को खत भी लिखा था। अतिरिक्त गृह सचिव एसएस प्रसाद ने बताया कि हरियाणा सरकार का वह पत्र मिल चुका है जिसमें उन्होंने प्रद्युम्न हत्याकांड के सीबीआई जांच की सिफारिश की थी। हालांकि अभी तक सीबीआई जांच शुरु नहीं हो सकी है।
सुप्रीम कोर्ट में भी चल रही है सुनवाई
बीते शुक्रवार को देश के सभी स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर दायर एक याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई की। शीर्ष कोर्ट ने सभी राज्यों और केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है। नोटिस का जवाब देने के लिए शीर्ष कोर्ट ने तीन सप्ताह का समय दिया है। याचिका कई महिला वकीलों से संयुक्त रूप से दाखिल की गई है। याचिका में कहा गया है कि स्कूलों में सुरक्षा को लेकर गाइडलाइंस तो बनाई है, लेकिन इन नियमों का कोई पालन नहीं कर रहा है।
बयान बदल चुका है आरोपी कंडक्टर
सोमवार को इस मामले में नया खुलासा हुआ है। जिस बस कंडक्टर को प्रद्युम्न की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया था। उसने कोर्ट में कहा कि जज साहब मुझे फंसाया गया है। सोमवार को कोर्ट में मामले की सुनवाई के दौरान आरोप बस कंडक्टर अशोक ने बयान बदल दिए। स्पेशल कोर्ट में हुई सुनवाई में अशोक ने खुद को बेगुनाह बताया और उसने कहा कि इस मामले में उसे फंसाया जा रहा है। ८ सितंबर को गुरुग्राम में मासूम प्रद्युम्न की हत्या के बाद बस के कंडक्टर ने मीडिया के सामने गुनाह कबूल किया था कि उसने ही बच्चे का कत्ल किया है। उसने कहा था कि हत्या करने वक्त उसकी बुद्धि भ्रष्ट हो गई थी।