भारत ने यूरोपीय संसद (European Parliament) के प्रस्ताव पर जताई है आपत्ति फ्रांस (France) ने भारत का समर्थन करते हुए इसे बताया है आंतरिक मामला (Internal Matter)
लंदन। भारत के नवनिर्मित नागरिकता संशोधन कानून ( Citizenship Amendment Act 2019 ) की दुनियाभर में चर्चा है। इसी बीच यूरोपीय संसद ( European Parliament ) ने इसके खिलाफ एक प्रस्ताव लाने का ऐलान किया था। अब जानकारी मिल रही है कि यूरोपीय संसद में बुधवार को इस कानून पर बहस की जाएगी। इसके बाद गुरुवार को इसके लिए वोटिंग की जाएगी।
भारत ने दिया यूरोपीय संघ को जवाब
यूरोपीय संसद में इस कानून के खिलाफ लाए गए प्रस्ताव पर भारत ने आपत्ति जताई थी। भारत सरकार ने साफ कहा था कि यह हमारा आंतरिक मामला है। भारत ने यूरोपीय संघ को बताया था कि CAA A संसद में सार्वजनिक बहस के बाद लोकतांत्रिक प्रक्रिया का पालन करने पारित हुआ कानून है।
फ्रांस का भारत को समर्थन
वहीं, यूरोपीय संघ के प्रवक्ता ने कहा है कि इस कानून पर चर्चा की योजना हो रही है। हालांकि, वह इसको लेकर यूरोपीय संघ की किसी तरह की आधिकारिक स्थिति का खुलासा नहीं कर सकते। दूसरी तरफ, फ्रांस ने भारत का साथ देते हुए CAA को भारत का आंतरिक मामला है। फ्रेंच राजनयिक से जुड़े सूत्र ने इस बारे में जानकारी दी है।