
ब्रासीलिया। ब्राजील में कोरोना वायरस (Coronavirus) के मामले अभी भी थमे नहीं रहे हैं। यहां पर मौत का आंकड़ा डेढ़ लाख के पार पहुंच गया है। हालांकि लैटिन अमरीका के सबसे बड़े देश ब्राजील में कोरोना का असर कम दिख रहा है। ब्राजील के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार कोरोना के कारण मरने वालों की संख्या 150,236 तक पहुंच चुकी है। अब तक 5,091,840 मामले दर्ज किए जा चुके हैं।
जॉन हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी (John Hopkins University) के अनुसार संक्रमण से मौत के मामले में संयुक्त राज्य अमरीका के बाद ब्राजील आता है। विशेषज्ञों का कहना है कि ब्राजील सरकार की लापरवाही के कारण कोरोना वायरस के मामलों में इजाफा देखने को मिल रहा है। ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोल्सनारो कोरोना वायरस को हमेशा से कम आंकते रहे हैं। इसकी गंभीरता को लेकर मजाक बनाते रहे हैं लेकिन अब भी ब्राजील में मौतों का सिलसिला कम नहीं हो रहा है।
65 साल के राष्ट्रपति बोल्सनारो खुद भी कोरोना के शिकार हो चुके हैं। इसके बाद भी वह इन ऐतिहातों पर ज्यादा जोर नहीं देते हैं। उन्होंने प्रदर्शन के बीच राष्ट्रपति आवास से बाहर निकलने की कोशिश की। इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग की कभी परवाह नहीं की। इसके अलावा वे आम जनता को भी इन नियमों का पालन नहीं करने के लिए सुझाव देते रहे।
राष्ट्रपति बोल्सनारो जुलाई में खुद कोरोना से संक्रमित हो गए थे। इसके बावजूद उन्होंने राज्यपालों और महापौरों के लॉकडाउन और वायरस के प्रसार को रोकने के लिए बताये अन्य सख्त उपायों को भी अस्वीकार कर दिया। उन्होंने हर बार जोर देकर कहा कि ब्राजील की अर्थव्यवस्था को बंद करने से देश में अराजकता फैल सकती है।
सात जुलाई को ब्रासीलिया बोल्सनारो कोरोना संक्रमित हो गए थे। इस दौरान उन्होंने कोरोना से संक्रमित होने की घोषणा करते हुए कहा था कि 'जिंदगी चलती रहती है ब्राजील को लगातार उत्पादन करने की जरूरत है'। बोल्सनारो को स्वास्थ्य संकट से निपटने और महामारी के बीच दो बार स्वास्थ्य मंत्रियों को बदलने को लेकर कड़ी आलोचना झेलनी पड़ी है।