अमरीकी आर्मी में मेजरल जनरल विलियम टेलर ने कहा कि दूसरा धमाका नहीं हुआ था। ये एक सुसाइड बॉम्बर था जिसने विस्फोट किया।
नई दिल्ली। काबुल एयरपोर्ट (Kabul Airport) पर गुरुवार को हुए आत्मघाती बम धमाकों ने कई आम नागरिकों की जान ले ली। हमले के बाद से बम धमाकों को लेकर अलग-अलग सूचनाएं मिल रही हैं। इसे लेकर अमरीकी आर्मी में मेजरल जनरल विलियम टेलर ने कहा कि काबुल एयरपोर्ट के पास दो नहीं बल्कि एक ही धमाका हुआ था। उन्होंने कहा कि वे इस बात की पुष्टि कर सकते हैं कि दूसरा धमाका नहीं हुआ था। ये एक सुसाइड बॉम्बर था जिसने विस्फोट किया।
इससे पहले अमरीकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने कहा था- ‘गुरुवार को हामिद करजई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के अब्बे गेट पर पहला धमाका हुआ। वहीं कुछ देर बाद एयरपोर्ट के नजदीक बैरन होटल के नजदीक दूसरा धमाका हुआ। यहां ब्रिटेन के सैनिक मौजूद थे। एयरपोर्ट के बाहर तीन संदिग्धों को देखा गया था। इसमें से दो आत्मघाती हमलावर थे, वहीं तीसरा बंदूक लेकर आया था।’
आतंकी हमले का अलर्ट जारी
वहीं काबुल एयरपोर्ट पर अभी भी खतरा मंडरा रहा है। अमरीकन ब्रॉडकास्ट कंपनी के के अनुसान एयरपोर्ट के नॉर्थ गेट पर कार बम धमाके खतरा है। ऐसे में काबुल में मौजूद अमरीकी दूतावास ने नया अलर्ट जारी करा। वहीं अमरीकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने हमलावरों को कड़ी चेतावनी जारी की है। उन्होंने कहा कि आतंकियों को ढूंढ़ ढूंढ़ कर मारेंगे।
इस आत्मघाती हमले को तब अंजाम दिया गया, जब काबुल में तालिबान के कब्जे के बाद यहां से लोग निकलने का प्रयास कर रहे थे। काबुल एयरपोर्ट पर लोगों का हुजूम देखा गया। लोग बीते कई दिनों ये यहां पर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। निकासी अभियान के बीच पश्चिमी देशों ने यहां पर बड़े हमले की आशंका जतायी थी। इससे पहले दिन में कई देशों ने लोगों से हवाईअड्डे से दूर रहने की अपील की थी। इस हमले में 100 से अधिक लोगों की मौत हुई, जिनमें 13 अमरीकी सैनिक शामिल हैं।