सपा नेता आजम खान के खिलाफ की गई हैं कई शिकायतें चल रही है जांच।
रामपुर। सपा नेता आजम खान के बचाव में रामपुर-बरेली क्षेत्र के एमएलसी घनश्याम सिंह लोधी ने प्रधानमंत्री मोदी को खून से पत्र लिखा है। इस पत्र के जरिए उन्होंने कहा है कि आजम के विरोधी मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय को बर्बाद करने के लिए उनकी झूठी शिकायतें कर उन्हें बेवजह परेशान कर रहे हैं, जिसे रोकना जरूरी है। एमएलसी लोधी ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री ने इस खून से लिखे पत्र पर कोई एक्शन नहीं लिया तो रामपुर के आजमवादी लोग हर दिन एक पत्र खून से लिखते रहेंगे।
रामपुर में आजमवादी लोग पिछले सात दिनों से लगातार खून से पत्र लिखकर प्रधानमंत्री से मांग कर रहे हैं कि सपा नेता आजम खान के ड्रीम प्रोजेक्ट जौहर अली विश्वविद्यालय के खिलाफ भाजपाई जो शिकायतें कर रहे हैं, उन्हें वापास लिया जाए। योगी सरकार बदले की भावना से यह काम कर रही है। जिससे सपा नेता आजम खान की छवि धूमिल करने की कोशिश की जा रही है, जिसे आजमवादी लोग हर्गिज बर्दाश नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने अभी तक किसी भी खून से लिखे पत्र का आज तक जवाब नहीं दिया है।
कौन हैं घनशयाम सिंह लोधी
एमएलसी घनश्याम सिंह लोधी सपा नेता आज़म खान के बेहद करीबी माने जाते हैं। लम्बे समय से राजनीति में सक्रिय रहे हैं। वे पहले भाजपाई बाद में राष्ट्रीय क्रान्ति पार्टी और उसके बाद बसपा में रह चुके हैं। फिलहाल लोधी लंबे समय से सपा में हैं। वह लगातार दो बार से रामपुर-बरेली (सामान्य प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र) से विधान परिषद के सदस्य हैं।
लोधी क्यों लिख रहे हैं पीएम को पत्र
एमएलसी घनशयाम सिंह लोधी का कहना है कि उत्तर प्रदेश में योगी सरकार बनने के बाद से सपा नेता आज़म खान के विरोधी उनकी झूठी शिकायतें कर रहें हैं। जिसको लेकर आज़मवादी लोग नराज हैं। कई दिन से लगातार आज़मवादी लोग पीएम को खून से पत्र लिखकर भेज रहें हैं, बावजूद उनकी तरफ से कोई जवाब नहीं आया है। इसी क्रम में बुधवार को मैंने भी अपने खून से पत्र लिखकर प्रधानमंत्री को भेजा है। मुझे भरोसा है कि अगर योगी सरकार हमारी नहीं सुनेगी तो हमारे देश की सरकार यानी खुद प्रधानमंत्री तो सुनेंगे ही। इसी आशा से मैंने भी पत्र भेजा है।
कौन हैं आजम खान के राजनीतिक धुर विरोधी
आपको बता दें कि भाजपा सरकार में राज्यमंत्री रहे शिव बहादुर सक्सेना के बेटे आकाश हनी ने दर्जनों शिकायतें सपा नेता आज़म खान के ड्रीम प्रोजेक्ट जौहर विश्वविद्यालय को लेकर की हैं। जबकि वर्तमान राज्य मंत्री समेत कोई भाजपाई ऐसा नहीं है, जिसने कोई शिकायत पूर्व मंत्री आजम खान और उनके ड्रीम प्रोजेक्ट को लेकर की हो। आकाश हनी का कहना है कि आजम खान ने अपने राजनीतिक रसूख के चलते करोड़ों के नहीं अरबों के वारे-न्यारे किये हैं। जिसकी शिकायतें मैंने की हैं। आजम खान अगर बेदाग हैं तो उन्हें डर किस बात का है। अभी तो जांच की जा रही है, बहुत जल्द दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।