
मुरादाबाद: दो अप्रैल के दलित आन्दोलन के बाद पिछले कई दिनों से विभिन्न सोशल साइट्स और माध्यमों पर भारत बंद का आह्वान चल रहा था। जिसको लेकर पुलिस प्रशासन के साथ इस बार खुफिया विभाग भी अलर्ट था। जिस कारण आज सुबह से ही सभी प्रमुख स्थानों के साथ साथ संवेदनशील स्थानों पर पुलिस फ़ोर्स तैनात रही। चूंकि मुरादाबाद में आज साप्ताहिक बंदी रहती है। बावजूद इसके भारत बंद का कोई भी असर नहीं दिखा। न ही कोई संगठन या दल इस दौरान धरना प्रदर्शन करने आया। खुद एडीजी बरेली जोन प्रेम प्रकाश ने सोमवार शाम को मंडल के सभी पुलिस अधिकारीयों की बैठक में उपद्रव फैलाने या अफवाह फैलाने वालों से सख्ती से निपटने की बात कही थी। जिसका असर भी सड़कों पर दिखाई दिया।
वेस्ट यूपी के कई शहरों में एहतियातन इन्टरनेट और स्कूल कॉलेज बंद किये गए थे। लेकिन मुरादाबाद में सभी स्कूल कॉलेज रोजाना की तरह खुले। साथ ही इन्टरनेट सेवा भी बहाल रही। एसएसपी जे रविन्द्र गौड ने सभी थाना प्रभारियों को अपने अपने क्षेत्र में अलर्ट रहने और प्रमुख स्थानों पर पूरी मुस्तैदी से तैनात रहने के निर्देश दिए थे। इसके साथ ही डॉ भीमराव आंबेडकर प्रतिमाओं की सुरक्षा के लिए भी सुरक्षा कर्मी रात से तैनात रहे। ताकि कोई गड़बड़ी न कर पाए।
शहर में आंबेडकर पार्क, पीली कोठी चौराहा, चौधरी चरण सिंह चौक, कलेक्ट्रेट,व् प्रमुख बाजार के चौराहों पर भी बड़ी तादात में पुलिस फ़ोर्स नजर आई। वहीँ पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया पर तैर रहे बंद के आह्वान के मैसेज दो दिन से नदारद रहे। पुलिस और प्रशासन के अधिकारीयों ने कहा कि अगर किसी ने भी गड़बड़ी या अफवाह फैलाई तो उस पर सख्त कार्यवाही होगी। उधर व्यापारी नेताओं ने भी बंद की बात को नकारा और कहा मुरादाबाद में तो आज साप्ताहिक बंदी रहती है। इसलिए बंद से कोई लेना देना नहीं है।