अब आम जन भी पत्रिका की इस मुहीम में साथ हो लिए हैं। लोगों से बातचीत में उन्होंने बताया कि वाकई ये बेहद गंभीर मुद्दा है,
मुरादाबाद: जनपद में झोलाछाप डाकटर किस कदर लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। इसको लेकर पत्रिका ने बिलारी तहसील में कई जगह वीडियो स्टिंग ऑपरेशन किया था,जिसके बाद स्वास्थ्य महकमे में हडकम्प मचा हुआ है। वहीँ अब आम जन भी पत्रिका की इस मुहीम में साथ हो लिए हैं। लोगों से बातचीत में उन्होंने बताया कि वाकई ये बेहद गंभीर मुद्दा है,जिस पर स्वास्थ्य विभाग आंख मूंदे बैठा है। विभाग को लगातार कार्यवाही करनी चाहिए। ताकि मासूम लोगों की जान से खिलवाड़ करने वाले ऐसे लोग न खड़े हो सकें।
स्वास्थ्य विभाग पर उठाये सवाल
कटघर निवासी सुशिल सिंह ने स्वास्थ्य महकमे के अभियान पर सवाल उठाते हुए कहा,कि विभाग सिर्फ कागजी अभियान चलाता है,जबकि आये दिन झोलाछाप डॉक्टर के इलाज से मासूम लोग मर रहे हैं। उन्होंने हाल के कई उदहारण भी गिनाये। उनके मुताबिक स्वास्थ्य विभाग को इस पर गंभीरता से कार्यवाही करनी चाहिए।
कई घटनाएं हो चुकीं
कुछ यही राय पाकबड़ा निवासी नवनीत चौहान की है,उनके मुताबिक अगर कैमरे पर बेख़ौफ़ होकर झोलाछाप डाक्टर इस तरह क़ुबूल कर रहे हैं,तो ये अपने आप में बड़ा मामला है। स्वास्थ्य विभाग शायद वाकई आंख मूंदे बैठा है।
वहीँ महानगर में फ्रीडम फाइटर संघठन के संयोजक अरविन्द मिश्रा ने इसे बेहद गंभीर मुद्दा बताया और पत्रिका के अभियान को सराहते हुए जल्द ही अधिकारीयों से मिलकर ऐसे झोलाछाप डाक्टरों पर कार्यवाही करवाने की भी बात कही।
अधिकारी अनजान
उधर स्वास्थ्य महकमे की नींद इस स्टिंग के बाद भी अभी नहीं टूटी है। एसीएमओ डॉ डी के प्रेमी ने कार्यवाही का आश्वासन तो जरुर दिया था। लेकिन अभी भी कोई एक्शन होता नजर नहीं आ रहा।
ये था ऑपरेशन
यहां बता दें कि दो दिन पहले जनपद में झोलाछाप डाक्टरों को लेकर स्टिंग ऑपरेशन स्टोरी चलाई थी। जिसमें झोलाछाप डाक्टर कैमरे सामने स्वीकार कर रहे हैं कि स्वास्थ्य विभाग को रूपये देकर उनकी ये फर्जी डिग्री और फर्जी प्रैक्टिस चल रही है।