UP Weather: उत्तर प्रदेश में मार्च के दूसरे सप्ताह में ही गर्मी ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। मुरादाबाद में रात का न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जिसने करीब 50 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है।
UP Weather Moradabad: उत्तर प्रदेश में मार्च के दूसरे सप्ताह में ही मौसम ने ऐसा रुख ले लिया है, जो आमतौर पर मई-जून के महीनों में देखने को मिलता है। खासकर मुरादाबाद जिले में गर्मी ने अचानक तेज रफ्तार पकड़ ली है। सोमवार को यहां रात का न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिसने पिछले करीब 50 वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ दिया।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मार्च के दूसरे हफ्ते में इतनी गर्म रात पहले शायद ही दर्ज की गई हो। दिन के समय भी तेज धूप और गर्म हवा के कारण लोगों को लू जैसा अहसास होने लगा। आमतौर पर इस समय तक हल्की ठंडक बनी रहती है, लेकिन इस बार मौसम ने अचानक करवट ले ली है।
मुरादाबाद में सोमवार को दिन का अधिकतम तापमान भी पिछले 12 वर्षों में सबसे अधिक रिकॉर्ड किया गया। दोपहर के समय चिलचिलाती धूप के कारण सड़कों पर गर्मी का असर साफ दिखाई दिया। बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों ने तेज धूप से बचने के लिए छाया और ठंडे स्थानों का सहारा लिया।
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक मार्च के पहले सप्ताह तक हल्की ठंड का एहसास बना हुआ था, लेकिन दूसरे सप्ताह की शुरुआत के साथ ही तापमान में अचानक तेज उछाल देखने को मिला। यही वजह है कि लोगों को ऐसा महसूस हो रहा है मानो मई के महीने की शुरुआत हो चुकी हो।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस असामान्य गर्मी की बड़ी वजह पश्चिमी विक्षोभ की अनुपस्थिति है। मुरादाबाद समेत पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पिछले करीब सवा महीने से कोई प्रभावी पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय नहीं हुआ है। सामान्य परिस्थितियों में फरवरी और मार्च के पहले पखवाड़े के दौरान पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहता है, जिससे पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानों में हल्की बारिश होती है।
यही प्रक्रिया मैदानों में ठंडक बनाए रखने में मदद करती है। लेकिन इस बार यह प्रणाली कमजोर रही, जिसके कारण मौसम का संतुलन बिगड़ गया और तापमान सामान्य से काफी ऊपर पहुंच गया।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार मुरादाबाद में दर्ज किया गया न्यूनतम तापमान सामान्य से लगभग पांच डिग्री सेल्सियस अधिक है। यही कारण है कि दिन ही नहीं बल्कि रात में भी गर्मी का असर महसूस किया जा रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक मार्च के दूसरे सप्ताह में पहली बार ऐसा हुआ है जब न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
रात के समय भी वातावरण में ठंडक की कमी के कारण लोगों को गर्मी का एहसास बना हुआ है। मौसम के साफ रहने और बादलों की अनुपस्थिति के कारण आने वाले कुछ दिनों तक तापमान में और बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।
हालांकि मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि 15 मार्च के आसपास मौसम में कुछ बदलाव देखने को मिल सकता है। उस दिन आसमान में आंशिक बादल छाने और हल्की बारिश होने की संभावना है। यह बदलाव पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हो सकता है। यदि पूर्वानुमान के अनुसार बारिश होती है तो तापमान में तेजी से बढ़ोतरी के सिलसिले पर कुछ हद तक ब्रेक लग सकता है और लोगों को भीषण गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है।
राजकीय मौसम वेधशाला के प्रभारी निसार अहमद अंसारी के अनुसार सामान्य तौर पर मुरादाबाद में मार्च का मौसम सर्दी और गर्मी के मिश्रित प्रभाव वाला होता है। लेकिन इस बार तापमान अप्रत्याशित रूप से अधिक दर्ज किया जा रहा है। विशेष रूप से रात के समय न्यूनतम तापमान का सामान्य से काफी ऊपर पहुंचना असामान्य स्थिति को दर्शाता है।
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यदि पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होता है और बारिश होती है, तो तापमान में गिरावट आ सकती है। फिलहाल अगले तीन से चार दिनों तक मौसम का मिजाज इसी तरह गर्म बना रहने के आसार हैं।