कोतवाली पुलिस को मिली बड़ी सफलता
मुरैना. सिटी कोतवाली पुलिस के हाथ बड़ी सफलता लगी है। पुलिस ने पांच शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से चोरी के 36 दो पहिया वाहन बरामद किए गए हैं। इनमें दो स्कूटी और 34 मोटरसाइकिल हैं। चोरों ने इन मोटरसाइकिलों को मुरैना के अलावा भिंड, धौलपुर, भरतपुर, ग्वालियर आदि स्थानों से चुराया है।
एसपी ललित शाक्यवार ने बताया कि लंबे समय से बाइक चोरी की वारदात हो रही थीं। इसको लेकर मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और मुखबिर से सूचना पर कोतवाली पुलिस ने बाइपास पर नाकाबंदी कर चोर गिरोह के पांच सदस्यों को तीन मोटरसाइकिल सहित बुधवार को पकड़ा गया। जिन्होंने पूछताछ के दौरान मोटरसाइकिल चोरी करना स्वीकारा। इनके कब्जे से ये चोरी के दो पहिया वाहन जब्त किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि चोरों को न्यायालय में पेश कर पीआर ली जाएगी। पूछताछ के दौरान चोरी की और भी मोटरसाइकिल बरामद होने की संभावना है। जब्त वाहनों की कीमत करीब तीस लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने जिन चोरों को गिरफ्तार किया गया है, उनमें हरिओम शर्मा निवासी सिलावली, दुर्गा प्रजापति रिठौरा हाल ग्वालियर, जीते कुशवाह, ब्रजराज कुशवाह निवासी निंबी, प्रदीप कुशवाह निवासी पचौरीपुरा पोरसा शामिल हैं। इनमें प्रमुख दुर्गा प्रजापति है जो गिरोह का लीडर है।
चार से 10 हजार तक में बेचते थे चोरी की बाइक
पकड़े गए वाहन चोर चार हजार से 10 हजार तक चोरी की बाइकों को बेचते थे। अभी तक ये दर्जनों मोटरसाइकिल चुराकर बेच चुके हैं। कुछ इनके कब्जे से जब्त की गई हैं, वह मोटरसाइकिल कुछ उनके घर और कुछ घर के आसपास, कुछ बीहड़ में रख दी गई थी, जहां से बरामद की गई हैं।
ऐसे हुआ खुलासा
पुलिस को मुखबिर से एक बाइक चोर का मोबाइल नंबर मिल गया। ये चोर मोटरसाइकिल बेचने से पहले ऑनलाइन पैसे अपने खाते में डलवाते, उसके बाद मोटरसाइकिल की डील करते। पुलिस ने भी चोर के मोबाइल पर बात की और चोर के खाते में चार हजार रुपए एक कियोस्क सेंटर से ट्रांसफर किए। उसके बाद मोटरसाइकिल की डील के लिए बुलाया, उसी समय उनको दबोच लिया। फिर कड़ी से कड़ी जुड़ती गई और बाइक बरामद की गई।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
मोटरसाइकिल चोरी में थाना प्रभारी थाना कोतवाली निरीक्षक शैलेन्द्र गोविल उपनिरीक्षक बालकुमार, उपनिरीक्षक मनमोहन सिंह, सउनि सुरेन्द्र यादव, प्र आर अनिल दोहरे, सुनील यादव, सत्यवीर सिंह, प्रेमनरायण, आरक्षक कुलदीप सिंह भदौरिया, शिवप्रताप सिंह, आर. सर्वजीत सिह (सायबर सेल) की सराहनीय भूमिका रही।