नगर परिषद दो बार लिख चुकी है टावर हटाने के लिए पत्रइस बार नोटिस देकर कहा, नहीं हटाया जो जब्त कर लिया जाएगा टावर
झुण्डपुरा. नगर के वार्ड 11 में स्थित बीएसएनएल का टावर लोगों के लिए मुसीबत बना हुआ है। इस टावर को हटाने की लगातार मांग की जा रही है, लेकिन अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं, जिससे लोगों में भारी आक्रोश है। वार्ड 11 निवासी दिलीप बंसल, पवन आदि लोगों ने नगरपालिका परिषद झुण्डपुरा को आवेदन देकर द्वारिका प्रसाद बंसल के प्लाट भूमि पर लगे अवैध टावर को हटाने के लिए 13 अप्रैल 2021 को पत्र लिखा तथा मांग की कि यह टावर नगरपालिका परिषद झुण्डपुरा की अनुमति के बिना लगा है तथा टावर लगाने का भूमि स्वामी के साथ अनुबंध भी समाप्त हो चुका है यह टावर पूरी तरह से जर्जर हो चुका है तथा बंद रहता है इससे स्थानीय रहवासियों को जानमाल का खतरा है।
मार्च 2019 में टावर में लगी प्लेट स्थानीय रहवासी राधेश्याम बंसल के मकान पर लगी टीन पर गिर चुकी है जिससे स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई थी तथा इस मकान में रहने वाला परिवार बाल बाल बचा था जिसकी शिकायत टेलीफोन एक्सचेंज मुरैना एवं सबलगढ़ के अधिकारियों से की, लेकिन इतने पर भी बीएसएनएल कंपनी के अधिकारियों ने कोई कार्यवाही नहीं की और ना ही टावर को हटाने की दिशा में लोगों की बात को अहमियत दी। शिकायती आवेदन पर जिला शहरी विकास अभिकरण मुरैना ने सीएमओ झुण्डपुरा को पत्र लिखा जिस पर सीएमओ ने पत्र क्रमांक 99/2019 दिनांक 24 अप्रैल 2019 अनुविभागीय अधिकारी दूरसंचार सबलगढ़ को लिखकर कहा कि इस टावर को लगाने की अनुमति ली गई है ना ही किसी प्रकार का शुल्क जमा किया गया है इसलिए इसे तीन माह में हटाएं लेकिन दूरसंचार अधिकारियों ने इसको भी अनदेखा कर दिया। इसके बाद नगरपालिका परिषद झुण्डपुरा ने पत्र क्रमांक 2021/384 दि.15 जून 2021 से कहा कि यह टावर लगाने की ना तो अनुमति ली गई थी और ना ही आपने रहवासियों की शिकायत पर कोई कार्रवाई की।
टावर हटाने फिर दिया नोटिस
लोगों के जानमाल को ध्यान में रखते हुए जर्जर टावर को हटाने पूर्व में नोटिस दिया था, लेकिन दूरसंचार विभाग सबलगढ़ ने कार्यवाही नहीं की। अब पु:न मुख्य नगरपालिका अधिकारी झुण्डपुरा ने लोगों की समस्या को देखते हुए दूरसंचार विभाग के महाप्रबंधक मुरैना, अनुविभागीय अधिकारी सबलगढ़ को पत्र के माध्यम से टावर को हटाने का नोटिस छह सितंबर को दिखा है कि क्षतिग्रस्त टावर को हटाया जाए ना हटाने की स्थिति में नगरपालिका परिषद द्वारा इस टावर को हटाकर जब्त कर लिया जाएगा।