Mumbai Crime: मुंबई में 24 घंटे में दो हत्याओं से सनसनी फैल गई है। मालाड में कॉलेज लेक्चरर आलोक कुमार सिंह और भांडुप में शंकर यादव की बेरहमी से हत्या कर दी गई।
देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। महज 24 घंटों में हत्या की दो बड़ी घटनाओं ने शहरवासियों को झकझोर दिया है। मालाड रेलवे स्टेशन पर कॉलेज लेक्चरर आलोक सिंह की हत्या की गुत्थी अभी सुलझी भी नहीं थी कि भांडुप में एक युवक का बेरहमी से कत्ल कर दिया गया।
भांडुप इलाके में रहने वाले शंकर प्रसाद यादव उर्फ कल्ली नाम के युवक पर रविवार शाम में बाइक सवार तीन हमलावरों ने घात लगाकर हमला किया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने शंकर पर चाकू से ताबड़तोड़ 22 से 29 वार किए। हमला क्रूरता से किया गया था कि शंकर लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा। स्थानीय लोगों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जानकारी के मुताबिक मृतक शंकर यादव भी कई आपराधिक मामलों में संलिप्त था।
शुरुआती जांच में सामने आया है कि मृतक शंकर ने हाल ही में हुए मुंबई महानगरपालिका चुनाव (BMC Election) में अजित पवार की एनसीपी के उम्मीदवार सज्जू मलिक का प्रचार किया था। कुछ दिन पहले ही भांडुप के मिलिंद नगर इलाके में मृतक का कुछ लोगों से विवाद भी हुआ था। पुलिस को संदेह है कि यह हत्या किसी पुराने विवाद या व्यक्तिगत दुश्मनी के चलते हुई है। फिलहाल भांडुप पुलिस मामले की जांच कर रही है।
भांडुप की घटना से ठीक एक दिन पहले शनिवार शाम करीब 5.40 बजे मालाड रेलवे स्टेशन पर एक और रूह कंपा देने वाली वारदात हुई। विलेपार्ले के प्रसिद्ध एनएम कॉलेज में गणित पढ़ाने वाले आलोक सिंह (32) की लोकल ट्रेन में उतरते समय हुई मामूली कहासुनी में हत्या कर दी गई। आरोपी ओमकार एकनाथ शिंदे (27) को रविवार सुबह मलाड स्टेशन के पास से गिरफ्तार कर लिया गया। आरोप है कि शिंदे ने सिंह पर किसी धारदार चीज से हमला किया था। इस मामले में जीआरपी ने आरोपी को पकड़ने के लिए पांच टीमें बनाई थी।
इस मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब पता चला कि मृतक लेक्चरर आलोक सिंह के पिता अनिल कुमार सिंह दिल्ली में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की सुरक्षा टीम का हिस्सा हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रक्षा मंत्री ने खुद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और गृहमंत्री देवेंद्र फडणवीस से फोन पर बात कर मामले में सख्त एक्शन के निर्देश दिए थे।