लॉकडाउन ( LockDown ) के चलते विभिन्न स्कूल ( School ), कॉलेजों ( College ) समेत यूनिवर्सिटी ( University ) हैं बंद, पिछले दिनों हुई शिक्षा विभाग की बैठक में एफवाईजेसी ( FYJC ) की तैयारियों को लेकर उठा था मामला, आईसीएसई ( ICSE ) की बाकी बची परीक्षाओं पर फैसला है बाकी
मुंबई. लॉकडाउन के चलते विभिन्न स्कूल, कॉलेजों समेत यूनिवर्सिटी में छुट्टी चल रही हैं। ऐसे में एसएससी बोर्ड के छात्रों के सामने एक नया संकट आन पड़ा है। छात्रों को फर्स्ट ईयर जूनियर कॉलेज एडमिशन (FYJC) की तैयारियों को लेकर चिंता हो रही है। पिछले दिनों हुई शिक्षा विभाग की बैठक में एफवाईजेसी का मामला भी उठाया गया। इसके एडमिशन आमतौर पर जून में शुरू हो जाते हैं, लेकिन एसएससी बोर्ड के आखिरी पेपर के रद्द हो जाने से अभी तक परिणाम नहीं आए हैं, जबकि सीबीएससी के छात्रों की मुख्य परीक्षाएं आयोजित हो चुकी हैं तो वहीं आईसीएसई की बाकी बची परीक्षाओं को लेकर भी अगली रणनीति सामने आना बाकी है।
कॉमत पॉलिसी से बढेंगी दिक्कतें, छात्रों का पाठ्यक्रम हो कम...
वहीं सिसकॉम की चीफ वैशाली बाफना की मानें तो राज्य में चल रहे तीनों प्रमुख बोर्ड की स्थितियां अलग अलग हैं, जिसके लिए अलग से रणनीति बनाने की जरूरत है। तभी एफवाईजेसी के छात्रों को लाभ मिल सकेगा। उन्होंने आगे बताया कि सरकार को एक प्लान के साथ सामने आना चाहिए, ताकि किसी भी छात्र को अतिरिक्त लाभ न मिल सके। दरअसल, महाराष्ट्र में अन्य बोर्डों के छात्रों की संख्या काफी कम है। ऐसे में सरकार की कॉमन पॉलिसी बनने पर बहुत ज्यादा लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। अभिभावकों की ओर से देश की मौजूदा स्थिति को देखते हुए शिक्षा विभाग से मांग की गई है कि पहली से 12वीं तक के छात्रों का पाठ्यक्रम कम किया जाए, ताकि उनकी जेब पर ज्यादा बोझ न पड़े।