महाराष्ट्र सहित देश के कई राज्यों पर एक बार फिर मौसम की मार पड़ती दिख रही है। राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में आज तेज बारिश हुई। हल्की ठंडी हवाओं ने सर्दी को और बढ़ा दिया है।
देशभर में मौसम का मिजाज एक बार फिर तेजी से बदल रहा है और लगातार सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) ने उत्तर भारत सहित महाराष्ट्र के कई हिस्सों में चिंता बढ़ा दी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, वर्तमान में एक के बाद एक तीन पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहे हैं, जिनका सीधा असर देश के कई राज्यों पर पड़ने वाला है।
पिछले हफ्ते सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के चलते मौसम विभाग ने पहले ही आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया था। अब 2 फरवरी को एक और पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की संभावना जताई गई है। इसके असर से 5 फरवरी तक महाराष्ट्र समेत देश के कई हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
महाराष्ट्र के लिए भी आने वाले 48 घंटे काफी महत्वपूर्ण हैं। 30 जनवरी को सक्रिय हुए पहले विक्षोभ के बाद अब 2 फरवरी को एक और सिस्टम सक्रिय हो रहा है, जिसके प्रभाव से कोंकण के कुछ क्षेत्रों में, उत्तर महाराष्ट्र और विदर्भ के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बेमौसम बारिश हो सकती है। उत्तर महाराष्ट्र के जिलों में रहने वाले नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है क्योंकि इस हफ्ते मौसम इसी तरह अनिश्चित बना रह सकता है। मौसम विभाग ने 2 और 3 फरवरी को महाराष्ट्र के 10 जिलों में तूफानी बारिश की भविष्यवाणी की है।
आईएमडी के अनुसार, उत्तर मध्य महाराष्ट्र के जिलों में कुछ स्थानों पर गरज के साथ बिजली चमकने, हल्की से मध्यम बारिश होने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चलने की प्रबल संभावना है। ठाणे में आज हल्की बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है, जबकि जलगांव, धुले, नासिक, नंदुरबार में येलो अलर्ट जारी किया गया है। मंगलवार को जलगांव, धुले, नासिक, नंदुरबार, अहिल्यानगर, छत्रपति संभाजीनगर, जालना और परभणी जिलों के कई हिस्सों में आंधी-बारिश की बहुत अधिक संभावना है। मुंबई शहर और उपनगरों में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और धुंध रहेगी।
पहाड़ी राज्यों की बात करें तो जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में अगले दो दिनों तक भारी बर्फबारी और मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसका सीधा असर मैदानी इलाकों पर पड़ेगा। अगले दो दिनों में जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है। इसके अलावा पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, मध्य महाराष्ट्र और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी आंधी के साथ हल्की बारिश हो सकती है। इस दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी मध्य प्रदेश और पूर्वी राजस्थान में कहीं कहीं ओलावृष्टि की आशंका भी बनी हुई है।
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि एक और नया पश्चिमी विक्षोभ 5 फरवरी की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित कर सकता है। जिससे ठंड का एक और दौर शुरू हो सकता है।
राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में सोमवार सुबह से ही बारिश का दौर जारी है, जिसके कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और ठंडी हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी है। मौसम विभाग का अनुमान है कि दिल्ली में अगले पांच दिनों तक आसमान में बादलों का डेरा रहेगा और सुबह के समय हल्का कोहरा छाया रह सकता है।
उत्तर और मध्य भारत के राज्यों में घने कोहरे का संकट भी बरकरार रहेगा। पंजाब, हरियाणा और चंदीगढ़ में विजिबिलिटी काफी कम रहने का अनुमान है, जबकि बिहार, मध्य प्रदेश और पूर्वोत्तर राज्यों में भी सुबह और रात के समय धुंध का असर दिखाई देगा। खराब मौसम और कोहरे के कारण ट्रेनों की आवाजाही और हवाई सेवाओं पर भी असर पड़ने की संभावना है।