Maharashtra cabinet decisions : महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले आज की कैबिनेट बैठक में 23 अहम फैसले लिए गए हैं। शिंदे सरकार ने पुणे एयरपोर्ट और 14 आईटीआई का नाम बदलने का निर्णय लिया है।
Pune Airport Rename : महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अध्यक्षता में आज (23 सितंबर) मंत्रालय में राज्य कैबिनेट की अहम बैठक हुई। इस बैठक में 23 बाद फैसले लिए गए हैं। राज्य सरकार के आज के फैसले से सभी समुदायों को खुश करने की कोशिश की गई है। शिंदे सरकार ने राज्य में सरपंच और उपसरपंच का वेतन दोगुना कर दिया गया है। जबकि तीन कुनबी उपजातियों को अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) में शामिल करने का निर्णय भी लिया गया है। इसके साथ ही शिंदे सरकार ने ब्राह्मण और राजपूत समुदाय के लिए भी बड़ा फैसला लिया है।
इसमें ब्राह्मण समुदाय के लिए परशुराम आर्थिक विकास निगम को कैबिनेट बैठक में मंजूरी दे दी गई है। इस निगम की स्थापना आर्थिक रूप से कमजोर ब्राह्मण समुदाय के विकास के लिए की गई है। इसके लिए कई दिनों से विरोध प्रदर्शन भी हो रहे थे। आखिरकार आज कैबिनेट की बैठक में इस पर फैसला ले लिया गया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, राज्य में आरक्षण की मांग को लेकर कई समुदाय आक्रामक हो गए हैं। इस बीच ब्राह्मण समुदाय के गरीब छात्रों को सरकारी लाभ प्रदान करने के लिए परशुराम आर्थिक विकास निगम की मांग काफी समय से हो रही थी। इसके लिए कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन भी किया गया।
वहीँ, शिंदे कैबिनेट ने राजपूत समुदाय के लिए वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप आर्थिक विकास निगम (योजना) को भी मंजूरी दे दी है।
महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को पुणे के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (Pune International Airport) का नाम बदलकर 'जगदगुरु संत तुकाराम महाराज हवाई अड्डा' (Jagadguru Sant Tukaram Maharaj Airport) करने के प्रस्ताव को भी हरी झंडी दे दी है। यह निर्णय मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक के दौरान किया गया, अब इस प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी के लिए केंद्र के पास भेजा जाएगा।
इसके अलावा राज्य के विभिन्न जिलों में स्थित 14 सरकारी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों यानी आईटीआई का नाम बदलने का भी निर्णय लिया गया है। तदनुसार, इन आईटीआई संस्थानों का नाम उन महापुरुषों और व्यक्तियों के नाम पर रखने का निर्णय लिया गया है जिन्होंने संबंधित जिले में योगदान दिया है। इसमें ठाणे जिले में स्थित आईटीआई का नाम धर्मवीर आनंद दिघे के नाम पर रखा गया है। तो वहीँ बीड में आईटीआई का नाम दिवंगत नेता विनायक मेटे के नाम पर रखा गया है।