मुंबई

Maharashtra News: 44 दिन तक सुरक्षित रखा बेटी की लाश, नहीं किया अंतिम संस्कार; गैंगरेप पीड़िता के शव का सेकंड पोस्टमॉर्टम

महाराष्ट्र के नंदुरबार में एक पिता ने अपनी बेटी की लाश को 44 दिनों तक नमक के गड्ढे में डालकर सुरक्षित रखा था। पिता का आरोप था कि उसकी बेटी के साथ सामूहिक बलात्कार कर उसकी हत्या कर दी गई। पिता की मांग थी कि उसकी बेटी की डेड बॉडी का दूसरा पोस्टमॉर्टम किया जाना चाहिए।

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Sep 15, 2022
Crime

महाराष्ट्र के नंदुरबार इलाके में सामूहिक बलात्कार मामले में नया खुलासा हुआ है। अपनी बेटी के लिए इंसाफ मांग रहे एक पिता ने अपनी बेटी की लाश को 44 दिनों तक नमक के गड्ढे में सुरक्षित रखा था। जिससे उसकी बेटी को इंसाफ मिल सके। कुछ महीने पहले पीड़िता के साथ सामूहिक बलात्कार करने के बाद उसे मारकर पेड़ से लटका दिया गया था। हालांकि पुलिस ने यह कहा गया था कि लड़की ने आत्महत्या किया है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इस मामले में अब पीड़िता के शव की दोबारा ऑटोप्सी करवाने का आदेश दिया गया है। इस मामले में पीड़िता के घरवालों ने जब डॉक्टर से पूछताछ की तब उसने कहा था कि पुलिस की तरफ से यह दबाव था कि सामूहिक बलात्कार की बात को न बताया जाए। पीड़िता के अंकल रुषा खड़कया के मुताबिक यह खबर प्रकाशित होने के बाद स्थनीय सांसद हिना गावित भी हरकत में आई। यह भी पढ़ें: Mumbai News: मासूम ने नहीं किया होमवर्क, ट्यूशन टीचर ने तीन साल की बच्ची का गाल जलाया; केस दर्ज

जिसके बाद नंदुरबार डीएसपी समेत दस पुलिसकर्मी भी नमक के गड्ढे के पास पहुंचे जिससे लाश को गड्ढे से बाहर निकालकर दूसरी ऑटोप्सी के लिए मुंबई भेजा जाए। पुलिस ने पीड़िता के घरवालों को बताया कि लाश को मुंबई में दूसरी बार जांच के लिए भेजा जा रहा है। तकरीबन आधे घंटे की मशक्कत के बाद लाश को बाहर निकाला गया। वहीं, बुधवार की शाम के 7:30 बजे शव को नमक के गड्ढे से बाहर निकाला गया। इस दौरान तमाम ग्रामीणों के अलावा पीड़ित परिवार भी मौजूद था।

इस मामले में पीड़ित पिता शुरू से यह कह रहे थे कि उनकी बेटी के साथ सामूहिक बलात्कार किया गया है। जिसके बाद उसकी हत्या कर दी गई। मैंने बेटी के शव को इसलिए नहीं जलाया क्योंकि मुझे लगता था कि शव की दोबारा जांच हो सकती है। मेरी बेटी कभी सुसाइड नहीं किया बल्कि रेप के बाद उसे मारकर फांसी के फंदे पर लटका दिया गया। ताकि हत्या को आत्महत्या घोषित किया जा सके।

परिवार की शिकायत के मुताबिक पीड़िता को रंजीत ठाकरे नाम का एक शख्स और उसका दोस्त बाइक पर बैठाकर गांव से 20- 30 किलोमीटर दूर ले गया था। जहां उसके साथ ठाकरे और उसके दोस्त के अलावा अन्य दो लोगों महिला के साथ सामूहिक बलात्कार किया। इस दौरान महिला ने मोबाइल फोन के जरिए मदद भी मांगी थी। महिला ने फ़ोन पर बताया था कि उसकी जान को खतरा है।

Updated on:
15 Sept 2022 04:11 pm
Published on:
15 Sept 2022 04:10 pm
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