Maharastra Weather News: मराठवाड़ा के सभी आठ जिलों में बेमौसम बारिश दर्ज हुई। शुक्रवार को बिजली गिरने से सिल्लोड में एक व्यक्ति की जान चली गई, जबकि सोयेगांव में तीन लोग घायल हो गए। दो दर्जन जानवर भी मारे गए हैं।
Maharashtra Weather Forecast: महाराष्ट्र के कई जिलों में भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने गरज-चमक के साथ आंधी व बेमौसम बारिश की भविष्यवाणी की है। मौसम विभाग ने शनिवार को बताया कि राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम ख़राब रहेगा। इस बीच, मराठवाड़ा में पिछले 24 घंटे में हुई बेमौसम बारिश व बिजली गिरने से एक व्यक्ति और 25 जानवरों की मौत हो गई।
मौसम विभाग ने ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, 8 अप्रैल को पुणे, रत्नागिरी, सिंधुदुर्ग, धुले, नंदुरबार, जलगाँव, नासिक, अहमदनगर, कोल्हापुर, सतारा, सांगली, सोलापुर, औरंगाबाद, जालना, अकोला, अमरावती, भंडारा, बुलढाणा, चंद्रपुर, गढ़चिरौली, गोंदिया, नागपुर, वर्धा, वाशिम, यवतमाल में पृथक स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ आंधी-तूफान आने की अधिक संभावना है। जबकि परभणी (नारंगी), बीड, हिंगोली, नांदेड़, लातूर, उस्मानाबाद जिलों के लिए आईएमडी ने ऑरेंज अलर्ट (सतर्क रहें) जारी किया है। जहां ओलावृष्टि होने की संभावना है। यह भी पढ़े-Maharashtra Weather: महाराष्ट्र के 10 से ज्यादा जिलों में आंधी-तूफान और बारिश के साथ होगी ओलावृष्टि, ऑरेंज अलर्ट जारी
वहीँ, 9 अप्रैल को राज्य के पुणे, अहमदनगर, कोल्हापुर, सतारा, सांगली, सोलापुर, औरंगाबाद, जालना, बीड, उस्मानाबाद, अकोला, अमरावती, भंडारा, बुलढाणा, चंद्रपुर, गढ़चिरौली, गोंदिया, नागपुर, वर्धा, वाशिम, यवतमाल जिलों के लिए आईएमडी ने येलो अलर्ट (निगरानी रखें) जारी किया है। जहां पृथक स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ आंधी-तूफान की अधिक उम्मीद है। इसके अलावा, तीसरे दिन से राज्य के कुछ आंतरिक जिलों में गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। फ़िलहाल मौसम विभाग ने सोमवार के लिए कोई अलर्ट जारी नहीं किया है।
अधिकारियों ने बताया कि मराठवाड़ा के सभी आठ जिलों में बेमौसम बारिश दर्ज हुई। औरंगाबाद में सबसे अधिक 8.9 मिलीमीटर (मिमी) बारिश हुई तथा इसके बाद लातूर में 8.8 मिमी बारिश दर्ज की गई। रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार को बिजली गिरने से सिल्लोड में एक व्यक्ति की जान चली गई, जबकि सोयेगांव में तीन लोग घायल हो गए। 24 घंटों के दौरान बारिश से कम से कम 25 जानवरों की मौत की खबर है। जिसमें औरंगाबाद में सबसे ज्यादा 12 जानवरों की मौत हुई। यह भी पढ़े-महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला, लगातार 5 दिन बारिश हुई तो मानी जाएगी प्राकृतिक आपदा