Vikas Walkar Meets Mira-Bhayandar Police Commissioner: मृतक श्रद्धा वालकर के पिता ने आगे कहा “मुझे बताया गया है कि मेरे डीएनए (DNA) के नमूने का दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर मिली हड्डियों से मिलान हो गया है। देखते हैं आगे क्या होता है।“
Shraddha Walkar Murder Case: श्रद्धा वालकर हत्याकांड मामले की जांच के बीच श्रद्धा के पिता विकास वालकर ने आज (16 दिसंबर) मीरा-भायंदर पुलिस आयुक्त कार्यालय में जाकर पुलिस कमिश्नर मधुकर पांडे से मुलाकात की। इस दौरान उनके साथ बीजेपी नेता किरीट सोमैया भी थे।
विकास वालकर ने मीडिया से बात करते हुए कहा, “मेरी बेटी ने नवंबर 2022 में जो शिकायत दर्ज़ कराई थी उससे जुड़ी जानकारी लेने के लिए मैंने मुलाकात की। इसलिए, मैंने उसी के लिए एक अर्जी दी है। यह भविष्य में मामले के लिए उपयोगी हो सकता है। उन्होंने (कमिश्नर) बताया कि मैं इस पर कार्रवाई करूंगा।“ यह भी पढ़े-मुंबई में पब्लिक टॉयलेट इस्तेमाल करने की वजह से हुआ झगड़ा, चाकूबाजी और मारपीट में एक की मौत
मृतक श्रद्धा वालकर के पिता ने आगे कहा “मुझे बताया गया है कि मेरे डीएनए (DNA) के नमूने का दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर मिली हड्डियों से मिलान हो गया है। देखते हैं आगे क्या होता है।“
बता दें कि श्रद्धा महाराष्ट्र के पालघर जिले के वसई की निवासी थी। उसने दो साल पहले महाराष्ट्र के पालघर के तुलिंज थाने में दी शिकायत में आरोप लगाया था कि उसके लिव-इन-पार्टनर आफताब आमीन पूनावाला ने उसे मारने की कोशिश की और उसे डर है कि वह उसके टुकड़े-टुकड़े कर फेंक देगा। बताया जा रहा है कि बाद में श्रद्धा ने अपनी शिकायत को वापस ले लिया था।
आफताब ने मांगी जमानत
श्रद्धा हत्याकांड के आरोपी आफताब पूनावाला ने मामले में जमानत के लिए दिल्ली की साकेत कोर्ट में अर्जी दाखिल की है। पुलिस पूछताछ के बाद आफताब अब न्यायिक हिरासत में है। उसकी जमानत याचिका पर शनिवार को सुनवाई होगी।
गौरतलब है कि पूनावाला और श्रद्धा की मुलाकात एक डेटिंग एप के जरिए हुई थी। इसके बाद उन्होंने मुंबई में एक कॉल सेंटर में साथ काम करना शुरू किया और दोनों के बीच वहीं से प्रेम संबंध शुरू हुए। बाद में वे दिल्ली आ गए थे। दोनों के बीच कथित तौर पर 18 मई को बहस हुई, और फिर पूनावाला ने श्रद्धा की हत्या कर दी. उसने श्रद्धा के शव के 35 टुकड़े कर दिए और दक्षिणी दिल्ली के महरौली में अपने घर पर करीब तीन हफ्ते तक इन टुकड़ों को फ्रिज में रखा। इसके बाद उसने कई दिनों तक आधी रात में शवों के टुकड़ों को अलग-अलग जगहों पर फेंक दिया।