
मुजफ्फरनगर। सूबे में योगी सरकार के आते ही बदमाशों पर गाज गिरनी शुरू हो गई थी। पिछले कुछ महीनों में यूपी पुलिस ने एक के बाद एक कई एनकाउंट किए हैं। ताजा मामला है मुजफ्फरनगर का, जहां मुजफ्फरनगर पुलिस और दिल्ली क्राइम ब्रांच ने बीती देर रात एक लाख के इनामी बदमाश शमीम को मुठभेड़ में मार गिराया है। हालांकि, अंधेर का फायाद उठाकर शमीम के कई साथी भागने में कामयाब हो गए। वहीं, मुठभेड़ के दौरान एक पुलिसकर्मी को भी गोली लगी है, जिन्हें इलाज के लिए मेरठ भेजा गया है। पुलिस ने मृतक के पास से 1 पिस्टल, कारतूस व एक चोरी की कार भी बरामद की है।
बाल-बाल बचे दारोगा
मामला थाना जानसठ कोतवाली क्षेत्र के भलवा मौड़ पुलिस चौकी का है। जहां दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक लाख का इनामी बदमाश शमीम अपने साथियों के साथ मुजफ्फरनगर के जानसठ क्षेत्र में किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने की फिराक में है। इसी सूचना के आधार पर दिल्ली पुलिस ने मुजफ्फरनगर पुलिस को सूचना देते हुए सयुक्त रूप से चेकिंग अभियान चलाया, तभी सामने से आ रही कार को पुलिस ने रुकने का इशारा किया। पुलिस को देखते ही कार में सवार बदमाशों ने ताबतोड़ फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी बदमाशों पर जवाबी फायरिंग की, जिसमें कुख्यात बदमाश शमीम को गोली लग गई। जबकि, उसके अन्य साथी फरार होने में कामयाब हो गए। बदमाशों द्वारा की गई फायरिंग में सिपाही अशोक खारी भी घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए ट्रामा सेंटर भेज दिया गया है। वहीं, दरोगा वीरेंद्र कसाना को भी दो गोली लगी। गनीमत यह रही कि दोनों गोली बुलेट प्रूफ जैकेट में लगी, जिससे दरोगा बाल-बाल बच गए।
काफी समय से थी पुलिस को तलाश
मुजफ्फरनगर एसएसपी अनंत देव तिवारी ने बताया कि मृतक कुख्यात बदमाश शमीम पर मुजफ्फरनगर और दिल्ली सहित आसपास के जनपदों में दो दर्जन से ज्यादा लूट डकैती छिनैती के मुकदमे दर्ज हैं। जिस कारण दिल्ली पुलिस द्वारा उस पर 50 हजार का इनाम रखा गया था। वहीं, मुजफ्फरनगर पुलिस द्वारा भी उस पर 50 हजार का इनाम रखा गया था।