
मुजफ्फरनगर भीम आर्मी बनाने से लेकर जेल जाने पर सुर्खियों में आए चंद्रशेखर के बाद यूपी के मुजफ्फरनगर में उन्हीं के संगठन की तर्ज पर भीम आर्मी-2 का गठन हुआ है। भीम आर्मी-2 के संस्थापक शिवाजी गौतम और राष्ट्रीय अध्यक्ष लोकेश कटारिया है। जिन्होंने दर्जनों कार्यकर्ताओ को साथ लेकर जिलाधिकारी और एसएसपी से मुलाकात की। साथ ही पीएम आैर सीएम को पत्र लिखकर एक बड़ी मांग कर दी है। इतना ही नहीं गठन के साथ ही इस संगठन के संस्थापकों ने भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर पर गंभीर आरोप भी लगाये।
संगठन बनाने के तुरंत बाद पीएम आैर सीएम से की ये बड़ी मांग
मुजफ्फरनगर जिले में भीम आर्मी टू के नाम से संगठन करने वाले संस्थापक शिवाजी गौतम ने बताया कि हमने अपने संगठन का गठन चंद्रशेखर द्वारा अपनी जिम्मेदारियों को भुलने की वजह से किया है। इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि दो अप्रैल के अंदोलन में जो लड़के विकास मेडियन, उपकार बावरा और अर्जुन सिंह जैसे कर्इ लोगों पर रासुका लगा दी गई है।उनकी रिहाई हेतू और रासुका हटवाने को लेकर जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री मोदी,राष्ट्रपति, प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ और SC/ST आयोग को ज्ञापन भेजा है।हमने ज्ञापन भेजकर अादोलन के दौरान जेल में बंद युवकों पर लगी रासुका हटाने आैर उन्हें जल्द से जल्द जेल से रिहा करने की मांग की है।
चंद्रशेखर पर लगाये यह आरोप, बताया इस वजह से करना पड़ा गठन
वहीं इस संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष लोकेश कटारिया ने बताया कि भीम आर्मी-2 बनाने का मुख्य उद्देश्य यह है की भीम आर्मी फर्स्ट अपना उद्देश्य भूल चुकी है। वो अपनी राह से भटक चुकी है। इनके राष्ट्रीय अध्यक्ष ने स्टेटमेंट दिया था कि दो अप्रैल के आंदोलन से हमारा कोई लेना देना नहीं है और जब लड़के फंस गए तो इन्होंने पल्ला झाड़ लिया मिलने भी नहीं गए , और कहा की प्रशासन चन्द्रशेखर को मुज़फ्फरनगर में मिलने की परमिशन नहीं दे रहा है। अब कैसे परमिशन दे दी। हमारे बड़े भाई चन्द्रशेखर की सरकार से पक्की सेटिंग है। ये लोग लग्जरी गाड़ियों में घूम रहे और हमारे पास चलने के लिए साईकल भी नहीं है। भीम आर्मी-2 संविधान के दायरे में काम करेगी क्योकि बाबा साहेब का बनाया हुआ संविधान है।