नागौर

Farmer News : डीडवाना-कुचामन जिला अलग होने के बाद नागौर जिले को मिला साढ़े 8 लाख हैक्टेयर बुआई का लक्ष्य

Farmer News : राजस्थान में गत वर्ष बनाए गए 19 नए जिलों के बाद इस बार कृषि विभाग को खरीफ बुआई के लक्ष्य तय करने में काफी जोर आया। डीडवाना-कुचामन नया जिला बनने के बाद नागौर जिले को खरीफ में साढ़े 8 लाख हैक्टेयर की बुआई का लक्ष्य मिला है।

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Jun 28, 2024

Nagaur News : प्रदेश में गत वर्ष बनाए गए 19 नए जिलों के बाद इस बार कृषि विभाग को खरीफ बुआई के लक्ष्य तय करने में काफी जोर आया। यही वजह रही कि खरीफ-2024 के लक्ष्य 26 जून को जारी हो पाए। डीडवाना-कुचामन नया जिला बनने के बाद नागौर जिले को खरीफ में साढ़े 8 लाख हैक्टेयर की बुआई का लक्ष्य मिला है। इसमें सबसे अधिक साढ़े 4 लाख हैक्टेयर की बुआई का लक्ष्य अकेले मूंग का रखा गया है, यानी एक तरफ मूंग और दूसरी तरफ अन्य फसलों को मिलाकर भी 4 लाख हैक्टेयर का लक्ष्य है।

गौरतलब है कि अब तक नागौर जिले को खरीफ में 12 से सवा 12 लाख हैक्टेयर की बुआई का लक्ष्य दिया जाता था, जिसमें डीडवाना-कुचामन जिला भी शामिल था। डीडवाना-कुचामन नया जिला बनने के बाद नागौर को साढ़े 8 लाख हैक्टेयर का लक्ष्य दिया गया है।

खरीफ का लक्ष्य तय

विभाग ने खरीफ बुआई का लक्ष्य जारी कर दिया है। नागौर जिले को कुल साढ़े 8 लाख हैक्टेयर बुआई का लक्ष्य मिला है। इसमें सबसे अधिक साढ़े 4 लाख हैक्टेयर का लक्ष्य मूंग का है।

- हरीश मेहरा, संयुक्त निदेशक, कृषि विभाग, नागौर

मूंग में नागौर का रहेगा दबदबा

अब तक नागौर जिला प्रदेश में मूंग उत्पादित करने वाला सबसे बड़ा जिला था। प्रदेश का करीब 40 फीसदी मूंग केवल नागौर जिले में उगाया जाता था। अब डीडवाना-कुचामन अलग जिला बनने के बाद भी नागौर में सबसे अधिक मूंग उगाया जाएगा। इसकी मुख्य वजह यह है कि मूंग की बुआई मुख्य रूप से खींवसर, मूण्डवा, मेड़ता, डेगाना, जायल व नागौर तहसीलों में ही की जाती है।

Updated on:
28 Jun 2024 04:35 pm
Published on:
28 Jun 2024 04:33 pm
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