नागौर शहर में 7 करोड़ से भूमिगत होगी एलटी लाइनें, फर्म ने शहर में शुरू किया काम...
धर्मेन्द्र गौड़ @ नागौर. आने वाले समय में बिजली के खुले तारों में अंकुडि़ए डालकर बिजली चोरी करना व झूलते तारों की समस्या बीते दिनों की बात हो जाएगी। शहरवासियों को अब शीघ्र ही खुले व झूलते विद्युत तारों से निजात मिलने वाली है। शहर में एलटी लाइन को भूमिगत करने का कार्य शुरू हो गया है। नगर परिषद के दायरे में डिस्कॉम शहरी क्षेत्र में आने वाले स्थानों पर 6.88 करोड़ की लागत से करीब 70 किलोमीटर एलटी लाइन बिछाई जाएगी। संबंधित फर्म ने शहर के वार्ड नम्बर एक व दो में यह काम शुरू कर दिया है और अब तक पांच किलोमीटर लाइन डाली गई है।
हादसों पर लगेगा विराम
विद्युत विभाग द्वारा दशकों पूर्व बिछाई गई एलटी विद्युत लाइनें अब शहर में दिखाई नहीं देंगी। शहर में भूमिगत केबल डालने से नंगे तारों की वजह से होने वाले हादसों पर विराम लगेगा वहीं सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि लोगों द्वारा नंगे तारों में अंकुडि़ए डालकर बिजली चोरी करने की प्रवृत्ति पर लगाम लगेगी। बिजली चोरी रोकने के साथ तारों का टूटना, स्पार्किंग, लूज लाइन की वजह से आए दिन होने वाली दिक्कतों से छुटकारा मिलेगा। संभवतया दो माह में यह काम पूरा हो जाएगा।
ट्रिपिंग से मिलेगी निजात
लाइन भूमिगत होने से लाइन लॉस भी कम हो जाएगा और अनावश्यक बिजली की बर्बादी पर भी रोक लग सकेगी। शहर में कई मोहल्लों में मकानों की छतों के ऊपर से एलटी लाइन निकलने से हर रोज मौत का खतरा बना रहता है। लेकिन अब एलटी लाइन भूमिगत होने से हर रोज मौत के नीचे बस रहीं जिंदगियों को खतरों से राहत मिल सकेगी और वे चैन की नींद सो सकेंगे। विद्युत सब स्टेशनों पर शहर में आए दिन ओवरलोड व अन्य कारणों से होने वाले फॉल्ट के चलते विभिन्न फीडरों की वीसीबी मशीनों में कई बार ट्रिप होने से घंटों बिजली गुल की समस्या से राहत मिलेगी।
विद्युत चोरी रुकेगी
शहर में एलटी विद्युत लाइनें भूमिगत हो जाने से बार-बार ट्रिपिंग की समस्या से भी निजात मिलेगी और उपभोक्ताओं को भरपूर बिजली भी उपलब्ध कराई जा सकेगी। बिजली चोरी पर अंकुश लगेगा व हादसों की आशंका नहीं रहेगी।
एमआर मीणा, सहायक अभियंता, डिस्कॉम शहर