कुचामसिटी शहर के कनिष्ठ अभियंता बलवीर सिंह भदाला गुरुवार रात अपने कुछ सहकर्मियों के साथ एक होटल में भोजन करने गए थे। इसी दौरान होटल कर्मियों से विवाद हो गया।
कुचामनसिटी (नागौर)। शहर के निकट राणासर क्षेत्र में गुरुवार रात एक होटल पर भोजन परोसने में हुई देरी से नाराज होकर कुचामनसिटी के कनिष्ठ अभियंता (जेईएन) ने पूरे इलाके की बिजली आपूर्ति बंद करवा दी। इससे करीब दो घंटे तक 2200 घर और प्रतिष्ठान अंधेरे में डूबे रहे। रात 9 से 11 बजे तक बिजली बंद रहने से लोगों को काफी परेशानी हुई। मामला उच्च स्तर तक पहुंचने पर मुख्य अभियंता ने हस्तक्षेप कर बिजली आपूर्ति बहाल करवाई।
दरअसल, अजमेर विद्युत निगम कुचामसिटी शहर के कनिष्ठ अभियंता बलवीर सिंह भदाला गुरुवार रात अपने कुछ सहकर्मियों के साथ डीडवाना रोड स्थित राणासर क्षेत्र के एक होटल में भोजन करने गए थे। होटल संचालक के मुताबिक उस समय होटल में भीड़ अधिक होने से भोजन परोसने में थोड़ी देरी हो गई। इसी बात को लेकर कनिष्ठ अभियंता भदाला नाराज हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उस समय वे शराब के नशे में थे और उन्होंने होटल संचालक व कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी। इस कारण काफी देर तक होटल में हंगामे की स्थिति बनी रही।
होटल संचालक का आरोप है कि विवाद के बाद कनिष्ठ अभियंता भदाला ने राणासर स्थित जीएसएस पर फोन कर रात करीब साढ़े नौ बजे पूरे इलाके की बिजली आपूर्ति बंद करवा दी। अचानक बिजली कटौती होने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। लोग परेशान हो गए। लोगों ने स्थिति जानने के लिए विद्युत निगम के अधिकारियों को फोन किया।
करीब दो घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। इस दौरान सहायक अभियंता विजय पावटिया तथा अधिशासी अभियंता नेमीचंद बुल्डक ने भदाला से कई बार फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। मामला उच्च स्तर तक पहुंचने पर मुख्य अभियंता के हस्तक्षेप के बाद स्थानीय अधिकारियों ने बिजली आपूर्ति फिर से सुचारू करवाई।
सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जानकारी जुटाई। होटल के सीसीटीवी कैमरों तथा वहां मौजूद लोगों के मोबाइल में पूरा घटनाक्रम रिकॉर्ड हो गया। शुक्रवार सुबह यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर लोग कनिष्ठ अभियंता को हटाने और सख्त कार्रवाई करने की मांग करने लगे।
इस घटना को लेकर शुक्रवार को पत्रिका ने कनिष्ठ अभियंता बलवीर सिंह भदाला से बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन कई बार फोन करने के बाद भी उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। उनके कार्यालय पर भी ताला लगा हुआ था।
अधिशासी अभियंता नेमीचंद बुल्डक ने बताया कि रात में बिजली आपूर्ति बंद होने की सूचना मिलने पर कनिष्ठ अभियंता को फोन किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। इसके बाद सहायक अभियंता को मौके पर भेजकर बिजली बहाल करवाई गई। मामले की जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मामला संज्ञान में आया है। एडीएम व एसडीएम को जांच कर रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. महेन्द्र खड़गावत, जिला कलक्टर, डीडवाना-कुचामन।