
नागौर. शहर की निकटवर्ती ग्राम पंचायत ताऊसर की ओर से गांव में मंगलवार को शीतलाष्टमी पर डांडिया उत्सव व मेले का आयोजन किया गया। ढोल की थाप के साथ राजस्थानी वेशभूषा पहने युवाओं ने पैरों में घुंघरू बांधकर जमकर डांडिया नृत्य किया। डांडिया करने पहुंचे युवाओं में कुछ ने कालबेलिया महिलाओं की पारंपरिक वेशभूषा पहनी हुई थी तो कुछ युवाओं ने राजस्थानी साफा, धोती-कुर्ता धारण किया हुआ था। ढोल की थाप के साथ बजती संगीत की धुनों ने डांडिया कार्यक्रम को ऊंचाइयां प्रदान की।
डांडिया उत्सव शुरू होने के साथ ही पूरा मेला डांडिया के रंग में रंगने लगा। राजस्थानी गीतों पर सधे कदमों से डांडिया खनकाते ग्रामीण उत्साहित नजर आ रहे थे। इस दौरान युवाओं ने पारंपरिक परिधान पहनकर डांडिया किया, वहीं ढोल की थाप, डांडिया की खनक व घुंघरू की आवाज उनको उत्साहित कर रही थी। सांस्कृतिक विशेषताओं को दर्शाती पारंपरिक वेशभूषा में सजे युवक व युवतियों के साथ बच्चे व बड़े भी डांडिया नृत्य करने में पीछे नहीं रहे। इस दौरान शहर से भी काफी संख्या में लोग डांडिया देखने पहुंचे।