Boy Fights Leopard: खेत में कुएं के पास खेल रहे बच्चे पर तेंदुए ने किया हमला तो बच्चे ने पकड़ ली तेंदुए की गर्दन, पेट, पैर में तेंदुए के नाखून लगने से आई चोट।
Boy Fights Leopard: मध्यप्रदेश के नर्मदापुरम जिले के पिपरिया में एक 13 साल के बच्चे की बहादुरी के चर्चे हो रहे हैं। इस बच्चे ने एक तेंदुए के हमले से जिस बहादुरी से अपनी जान बचाई उसके कारण हर कोई उसकी तारीफ कर रहा है। तेंदुए ने जब बच्चे पर हमला किया तो बच्चे ने अपने हाथों से उसकी गर्दन दबोच ली और जोर से दूर धक्का दिया। शोर मचाया तो उसके पिता व अन्य लोग आ गए और तेंदुआ बच्चे को छोड़कर वापस भाग गया। बच्चे के पैर और पेट में तेंदुए के नाखून लगने के कारण चोट आई है जिसके कारण उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पिपरिया फॉरेस्ट बीट के कुर्सी खापा गांव में रहने वाला 13 साल का सत्यम शनिवार शाम को खेत के कुएं के पास खेल रहा था। इसी दौरान झाड़ियों में घात लगाए बैठे तेंदुए ने अचानक उस पर हमला कर दिया। तेंदुआ तेजी से उस पर झपटा लेकिन तभी सत्यम ने अपने हाथों से तेंदुए की गर्दन दबोच ली। सत्यम ने शोर मचाया और पूरी ताकत से तेंदुए की गर्दन पकड़कर उसे दूर धकेला जिससे तेंदुआ थोड़ा पीछे जाकर गिरा। इसी दौरान शोर सुनकर सत्यम के पिता व अन्य लोग मौके पर भागते हुए पहुंचे, सभी ने शोर मचाया तो तेंदुआ जंगल की तरफ भाग गया।
सत्यम के पिता ने बताया कि खेत घर से करीब 100 मीटर दूर है, शाम करीब 7 बजे सत्यम कुएं के पास खेल रहा था। तभी अचानक उसके चिल्लाने की आवाज आई, सत्यम की आवाज सुनते ही हम पहुंचे तो देखा एक तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया था। हम डंडा लेकर दौड़े और शोर मचाया, इसी दौरान जब तेंदुए ने सत्यम पर झपट्टा मारा तो सत्यम ने उसकी गर्दन पकड़ ली और दूर धकेल दिया। शोर सुनकर तेंदुआ जंगल में भाग गया और बेटे की जान बच गई। सत्यम को तेंदुए के नाखून हाथ-पैर और पेट में लगे हैं जिसके कारण उसे चोट आई है और अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बच्चे पर तेंदुए के द्वारा हमला किए जाने की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम गांव पहुंची और सरकारी वाहन से घायल सत्यम को पिपरिया अस्पताल लाया गया। अस्पताल में सत्यम का इलाज चल रहा है और उसकी हालत फिलहाल स्थिर और खतरे से बाहर बताई जा रही है। सत्यम के इलाज का पूरा खर्च वन विभाग वहन कर रहा है।