नरसिंहपुर. जिले में संचालित एक आरओ वॉटर प्लांट के खिलाफ गंभीर अनियमितताओं और अवैध गतिविधियों को लेकर कलेक्टर से शिकायत की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि डोकर घाट क्षेत्र में स्थित उक्त प्लांट द्वारा नियमों का उल्लंघन करते हुए संचालन किया जा रहा है, जिससे न केवल शासन को राजस्व हानि […]
नरसिंहपुर. जिले में संचालित एक आरओ वॉटर प्लांट के खिलाफ गंभीर अनियमितताओं और अवैध गतिविधियों को लेकर कलेक्टर से शिकायत की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि डोकर घाट क्षेत्र में स्थित उक्त प्लांट द्वारा नियमों का उल्लंघन करते हुए संचालन किया जा रहा है, जिससे न केवल शासन को राजस्व हानि हो रही है बल्कि आमजन के स्वास्थ्य पर भी खतरा मंडरा रहा है।
आवेदन में बताया गया है कि प्लांट में खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है,जो फू ड सेफ्टी एंड स्टैंडड्र्स एक्ट 2006 का उल्लंघन है। इसके अलावा प्लांट में अवैध रूप से बिजली चोरी कर मशीनों का संचालन किए जाने का भी आरोप लगाया गया है, जो विद्युत अधिनियम 2003 के तहत दंडनीय अपराध है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि कम लागत में पानी तैयार कर बाजार में असामान्य रूप से कम दरों पर बेचा जा रहा है, जिससे वैध संचालकों के व्यवसाय पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। साथ ही इसे अनुचित व्यापार व्यवहार की श्रेणी में भी बताया गया है।
आवेदन में यह भी उल्लेख है कि प्लांट का निर्माण अस्थायी और अव्यवस्थित ढंग से किया गया हैए,जहां स्वच्छता और संरचनात्मक मानकों का पालन नहीं हो रहा। इतना ही नहीं, यह प्लांट कृषि भूमि पर स्थापित बताया गया है, जो भू.राजस्व नियमों का उल्लंघन है।शिकायतकर्ताओं ने यह भी आरोप लगाया है कि प्लांट परिसर में निजी आयोजनों के चलते स्वच्छता और हाइजीन के नियमों की अनदेखी की जा रही है। दूषित वातावरण में तैयार पानी उपभोक्ताओं को उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे जनस्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है। कलेक्टर से मांग की गई है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए संबंधित विभागों की संयुक्त टीम गठित कर निरीक्षण कराया जाए और दोषी पाए जाने पर प्लांट को तत्काल सील करते हुए आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाए।
नरसिंहपुर.शहर के राजीव वार्ड में सीवर लाइन के चेंबर से लगातार गंदे पानी का रिसाव होने से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। रिसाव के कारण सडक़ों पर गंदा पानी फैल रहा है, जिससे पूरे इलाके में बदबू और गंदगी का माहौल बन गया है। स्थानीय रहवासियों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा हैए वहीं संक्रमण फैलने का खतरा भी बढ़ गया है।कुछ इसी तरह की स्थिति शहर के किसानी वार्ड और बजरंग वार्ड में सामने आ रही है। मोहल्लेवासियों का कहना है कि पिछले कई दिनों से यह समस्या बनी हुई है, लेकिन न तो सीवर लाइन का कार्य करने वाली कंपनी इसे सुधारने के लिए आगे आ रही है और न ही नगर पालिका इस ओर ध्यान दे रही है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है। लोगों का आरोप है कि जिम्मेदार विभाग एक.दूसरे पर जिम्मेदारी डालकर मामले को टाल रहे हैं। गंदे पानी के कारण सडक़ें कीचड़ में तब्दील हो गई हैं, जिससे स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को आने.जाने में दिक्कत हो रही है। कई जगहों पर पानी जमा होने से मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा बना हुआ है।स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से जल्द से जल्द समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सुधार कार्य नहीं किया गयाए तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। फि लहालए जिम्मेदारों की अनदेखी के चलते राजीव वार्ड के लोग गंदगी और दुर्गंध के बीच जीवन यापन करने को मजबूर हैं।