
International Women's Day नरसिंहपुर. परिवार में सभी सदस्यों के लिए समानता का भाव होना चाहिए। परिवार के प्रत्येक सदस्यों को सिखाया जाना चाहिए कि उन्हें महिलाओं के साथ सम्मानपूर्वक व्यवहार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि महिलाए स्वयं निर्णय लेने में समर्थ हो तभी वे परिवार, कार्यस्थल और समाज की दिशा तय कर सकती हैं। यह बात कलेक्टर रजनी सिंह ने कलेक्ट्रेट के जनसुनवाई हॉल में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के जिला स्तरीय कार्यक्रम में कही।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और कन्या पूजन के साथ किया गया। इस मौके पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत कलेक्टर सिंह व अन्य अतिथियों ने संकल्प हस्ताक्षर अभियान के तहत हस्ताक्षर किए।
बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत बनाए गए सेल्फी प्वाइंट में सेल्फी ली। कलेक्टर ने बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत बाल विवाह रोकने की शपथ दिलाई।
इस अवसर पर निशा सोनी, स्थानीय परिवाद समिति की अध्यक्ष संध्या कोठारी, किशोर न्याय बोर्ड नरसिंहपुर की सदस्य प्रवीणा गोस्वामी, बाल कल्याण समिति की सदस्य प्रिया चौहान तथा किशोर न्याय बोर्ड की सदस्य रश्मि साहू उपस्थित रहीं।
कलेक्टर ने कहा कि यदि बालिकाएं शिक्षित होंगी तो वे आगे चलकर आत्मनिर्भर बन सकेंगी और अपने साथ-साथ अपने परिवार का भी बेहतर ढंग से ध्यान रख सकेंगी। हमें हमेशा सकारात्मक और खुश रहना चाहिए। यदि कोई महिला कार्य करने जाती है तो पुरुषों को भी घर और बच्चों की जिम्मेदारी साझा करनी चाहिए। समाज में बालक और बालिका के बीच किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं होना चाहिए। यदि कोई बालिका आगे बढकऱ कुछ अच्छा करना चाहती है तो उसे प्रोत्साहित करना हम सभी की जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम में अन्य वक्ताओं ने भी विचार रखे। सहायक संचालक महिला एवं बाल विकास प्रांजली मर्सकोले ने शासन द्वारा चलाये जा रहे बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के कार्यक्रमों को बताया। सौनिध्य सराठे ने भी विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन चंद्रिका एवं अम्रताष दुबे व जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास राधेश्याम वर्मा ने किया।