
Unified Pension Scheme : मोदी सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के लिए एकीकृत पेंशन योजना (UPS) लांच कर दी है। इसे 1 अप्रैल 2025 से लागू कर दिया जाएगा। इस पेंशन योजना को लेकर कई राज्यों ने भी तैयारी शुरू कर दी है। महाराष्ट्र सरकार ने तत्काल प्रभाव से केंद्र सरकार के साथ ही इसे लागू करने की घोषणा भी कर दी है। हरियाणा, जम्मू कश्मीर, झारखंड और महाराष्ट्र के विधानसभा चुनाव के बाद इसे देश के कई राज्य अपना सकते हैं।
भाजपा शासित राज्य इसे लागू करने में सबसे आगे रहेंगे। देश के आधे राज्यों में भाजपा की सरकार है। भारतीय जनता पार्टी की कार्यप्रणाली से वाकिफ विशेषज्ञ बताते हैं कि भाजपा शासित राज्य बहुत जल्द ही इस पेंशन योजना को लेकर कमेटी गठन का ऐलान कर सकते हैं। इसके बाद राजस्थान, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश सहित अन्य राज्य इसे जस का तस लागू करने का आदेश जारी कर सकते हैं।
एकीकृत पेंशन योजना (UPS) का आंकलन उत्तर प्रदेश में शुरू हो चुका है। वित्त विभाग इसे लागू करने पर आने वाले वित्तीय बोझ की गणना कर रहा है। इस गणना के बाद योगी सरकार इस योजना को हरी झंडी दिखा सकती है। फिलहाल सभी को शासनादेश का इंतजार है। जिससे इसे अध्ययन कर लागू किया जा सके। कैबिनेट में जल्द ही प्रस्ताव लाया जा सकता है।
एकीकृत पेंशन योजना (UPS) को लेकर कर्मचारियों के बीच राय नहीं बदली है। वह लगातार ही पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे हैं। मोदी सरकार के एकीकृत पेंशन योजना (UPS) ऐलान के बाद कर्मचारियों का भी दबाव आएगा। अगले छह माह में यह योजना कहां कहां लागू होगी। यह आने वाले समय में पता चल जाएगा लेकिन चुनाव से पहले वोट बैंक प्रभावित होने का खतरा बराबर बना हुआ है।
एकीकृत पेंशन योजना (UPS) को लेकर आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह ने बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने एक ही झटके में भारत के वीर अर्धसैनिक बलों के सैनिकों को बाहर कर दिया है क्योंकि उनकी सर्विस 25 साल की होती ही नहीं है। कर्मचारियों के साथ यह सरासर धोखा है।
एकीकृत पेंशन योजना (UPS) को लेकर कांग्रेस हमलावर है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि UPS का में U का मतलब U टर्न है। इसके साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार के कई यू-टर्न गिनाए।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि जहां वो सत्ता में हैं वो क्यों OPS लागू नहीं कर रहे हैं। हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक और तेलंगाना में OPS पर 'यू-टर्न' क्यों लिया है?